फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फूलों और दीपों से सजी महामना की बगिया

Mon, 26 Dec 2016 01:55 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, वाराणसी
विज्ञापन
महामना की जयंती पर रविवार की शाम दीपों से जगमग हुआ मालवीय भवन। यहां फूलों से सजाए गए महामना के स्वरूप भी आकर्षण का केंद्र बने रहे।
विज्ञापन
काशी हिंदू विश्वविद्यालय के संस्थापक भारतरत्न महामना पंडित मदन मोहन मालवीय की जयंती पर रविवार को उनकी बगिया फूलों और दीपों से दमक उठी। सुबह रंग-बिरंगे फूलों से महकी तो दीपों से जगमग हुई शाम। ‘महामना दिवाली’ मनी आैर रोशनी से नहा उठा मालवीय भवन। अपने पूज्य संस्थापक की जयंती पर विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं, शिक्षकों के साथ ही उनके प्रति श्रद्धा रखने वाले हर एक शख्स ने महामना को नमन किया।
विज्ञापन



बीएचयू कैंपस में मालवीय जयंती पर आयोजनों की शुरुआत मालवीय स्मृति पुष्प प्रदर्शनी से हुई। मालवीय भवन में गीता उद्यान से मालवीय उद्यान तक फूलों की खुशबू फैली। विविध रंगों और प्रजातियों के फूल यहां प्रदर्शित किए गए। कहीं गुलदाउदी तो कहीं गुलाब की महक। लिली, जलबेड़ा, ग्लैडियोलस, गेंदा, पोममॉम, एनिमोन, स्पून जैसे सजावटी फूलों की खूबसूरती भी देखते बन रही थी। कोई इन मुस्कुराते फूलों को एकटक निहारते तो कोई उनके साथ फोटो और सेल्फी लेता नजर आया। यहां विभिन्न प्रजातियों की सब्जियों, फलों की भी प्रदर्शनी लगाई गई लेकिन सबके आकर्षण का केंद्र रहे फूलों और चावल के दानों से बने ‘मालवीय जी’। फूलों से बने कलात्मक मंडल भी खूब रहे। इसका उद्घाटन कुलपति प्रो. जीसी त्रिपाठी ने किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राएं फूलों की तरह खिलें और महामना के ज्ञान की सुगंध पूरी दुनिया में फैैलाएं। प्रदर्शनी में विश्वविद्यालय के अलग-अलग विभागों, छात्रावासों, उद्यानों के साथ ही 30 जीटीसी छावनी परिषद, जिला उद्यान अधिकारी वाराणसी, आजमगढ़, गाजीपुर, जौनपुर, मिर्जापुर समेत केंद्रीय कारागार,  जिला कारागार, स्थानीय नर्सरी ने प्रतिभाग किया।


शाम को मालवीय भवन से लेकर सिंह द्वार तक दीपोत्सव आयोजित हुआ। 15 हजार दीपों की शृंखलाएं सजाई गईं। राष्ट्रीय सेवा योजना के छात्र-छात्राओं ने एलडी गेस्ट चौराहे से महिला महाविद्यालय तिराहे और वहां से सिंह द्वार तक परिसर को दीपों से जगमग कर दिया। इस दौरान महामना को नमन करने के लिए बड़ी तादाद में छात्र-छात्राओं के अलावा विश्वविद्यालय अधिकारी और शिक्षक पहुंचे थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें