मंदिर के विग्रह हुए गायब
कुलपति तिवारी ने बताया कि मंदिर के मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने उनसे आशीर्वाद लेने के बहाने दो कॉरिडोर में स्थित दो मंदिरों को तोड़ने के लिए दस्तखत कराए और तोड़ दिए। मंदिर में रखे हुए विग्रहों की जानकारी नहीं दी। उन्होंने कहा कि जब इस बाबत उनसे पूछा गया तो उन्हें कहा गया कि इसके बदले उन्हें दो मंदिर बनवा के दे दिए जाएंगे।
बाबा पर शासन कर रहा मंदिर प्रशासन
डॉ. कुलपति तिवारी ने काशी विश्वनाथ मंदिर प्रशासन पर आरोप लगाते हुए कहा कि मंदिर प्रशासन को मंदिर की व्यवस्था, चढ़ावे और मंदिर के दर्शन करने वाले भक्तों के स्वास्थ्य पर ध्यान देना चाहिए न कि आप स्वयं बाबा पर शासन करें। उन्होंने कहा कि मंदिर प्रशासन बाबा पर आधिपत्य स्थापित करने की चेष्टा कर रहे हैं, मगर हम ऐसा नहीं होने देंगे।