आर्य समाज की ओर से शुक्रवार को बुलानाला स्थित काशी आर्य समाज का स्थापना दिवस वैदिक मंत्रोच्चार के साथ मनाया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ वैदिक यज्ञ एवं आर्य समाज के संस्थापक महर्षि दयानंद सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण से हुआ।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रदीप कुमार गुप्त आर्य ने कहा कि महर्षि दयानंद सरस्वती की ओर से स्थापित काशी आर्यसमाज व आर्य कुमार छात्रावास रणभेरी पत्रिका के माध्यम से देश की आजादी में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। संस्था की मंत्री सरस्वती देवी ने कहा कि आधुनिक भारत के लिए सबसे पहले राष्ट्रीय स्वतंत्रता का पाठ आर्य वीरों व आर्यसमाज ने शंखनाद से किया था। वहीं गायत्री आर्या ने प्यारे आर्य समाज तुझ पर जाऊं बलिहार, प्यारे आर्य समाज... भजन सुनाकर उपस्थिति लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। इस दौरान पंडित रामदेव शास्त्री, आर्य अमरजीत, वैभव कुमार, अजीत कुमार आर्य, रामाशंकर, कल्लू आर्य, मनीष कुमार, अश्वनी जायसवाल, अभिषेक जायसवाल मौजूद रहे।