गिरफ्तार जालसाजों के बारे में बताते एएसपी सिटी डॉ. संजय कुमार, साथ में पुलिसकर्मी।
वह गांव के अशिक्षित, वृद्ध व सीधे-साधे लोगों को झांसे में लेते हैं। मदद के बहाने उनका एटीएम कार्ड हासिल करते हैं और उसे बदल देते हैं। इसी तरह रुपये निकालते समय नोट भी बदलकर थमा देते हैं। कई लोग मिलकर यह काम करते हैं। सभी को पुराने नोट चलाने के लिए तय मात्रा में बांट दिया जाता है।
वह बरामनपुर में भी ऐसे ही किसी व्यक्ति की तलाश में आए थे। एएसपी सिटी डॉ. संजय कुमार ने बताया कि पकड़े गए सभी जालसाज बेहद शातिर किस्म के हैं। उनके विरुद्ध संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया गया है। गिरोह में अन्य लोगों के भी शामिल होने की आशंका है। मामले की जांच चल रही है।
पकड़े गए आरोपियों में सात गाजीपुर जनपद के
पुलिस की पूछताछ में पकड़े गए आरोपियों ने अपनी पहचान गाजीपुर के सैदपुर कोतवाली क्षेत्र के इनायतपुर निवासी बृजेश यादव, रावल गांव निवासी रविशंकर पाठक, सादात थाना क्षेत्र के बुड्ढनपुर निवासी बेचन राजभर, भुड़कुड़ा थाना के नसरतपुर धिरजी निवासी प्रदीप कुमार, रवि कुमार, अलीपुर मदरा निवासी राहुल कुमार, गाजीपुर सदर कोतवाली के सकरा गांव निवासी धर्मेंद्र कुमार, चंदौली जिले के धानापुर थाना के हिंगुतरगढ़ निवासी प्रवीण कुमार सिंह, चंदवक थाना क्षेत्र के बरामनपुर निवासी अनिल सिंह, वाराणसी के बड़ागांव थाना के रामापुर हथिपार निवासी सुरेश कुमार मिश्र व लालपुर थाना क्षेत्र के औढ़े गांव निवासी कमलेश पांडेय के रूप में हुई। इसमें बृजेश यादव और प्रदीप कुमार पर पहले भी कई मुकदमे दर्ज हैं।