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सीएम योगी के प्रोगाम में इंजीनियर्स को पशु पकड़ने पर लगाया, आदेश पत्र वायरल होने पर मचा हड़कंप

Tue, 28 Jan 2020 08:01 PM IST
गीतार्जुन गौतम अमर उजाला नेटवर्क, मिर्जापुर
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सीएम योगी आदित्यनाथ(फाइल फोटो)। - फोटो : अमर उजाला
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गंगा यात्रा में शामिल होने 29 जनवरी को मिर्जापुर जिले में आ रहे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यक्रम में छुट्टा पशुओं को पकड़ने के लिए पीडब्ल्यूडी के अवर अभियंताओं की ड्यूटी लगा दी गई। ड्यूटी लगाए जाने संबंधी पत्र के वायरल होने पर हड़कंप मच गया। मंगलवार को आदेश पत्र के वायरल होने और डिप्लोमा इंजीनियर संघ ने इस पर कड़ी आपत्ति जताई।

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मामले के तूल पकड़ने पर दूसरा पत्र जारी कर आनन-फानन में आदेश वापस ले लिया गया। डीएम सुशील कुमार पटेल ने जारी आदेश को त्रुटिवश जारी होना बताया। सूत्रों की मानें तो मुख्यमंत्री कार्यालय ने भी इस मामले को गंभीरता से लिया है और जांच के आदेश दिए हैं।

29 जनवरी को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गंगा यात्रा में शामिल होने के लिए जिले में आ रहे हैं। इस सबंध में लोक निर्माण विभाग प्रांतीय खंड के अधिशासी अभियंता कन्हैया झा ने 27 जनवरी 2019 को नौ अवर अभियंताओं को पत्र जारी कर निर्देशित किया कि 29 जनवरी को मुख्यमंत्री के भ्रमण कार्यक्रम में पुलिस लाइन से विरोही तक ड्यूटी लगाई गई है।
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अवर अभियंता अपने गैंग के साथ आठ से 10 रस्सी लेकर कार्यस्थल पर मौजूद रहेंगे। इस दौरान आवारा पशु सड़क पर आए तो उनको बांध कर रखेंगे। जिससे मुख्यमंत्री के आवागमन में कोई व्यवधान उत्पन्न न हो। अधिशासी अभियंता ने पत्र की प्रतिलिपि अवर अभियंताओं के साथ जिलाधिकारी को भी भेजा था। अधिशासी अभियंता का आदेश पत्र वायरल होने से हड़कंप मच गया।

डिप्लोमा इंजीनियर संघ के लोगों ने भी इस पर विरोध जताया। अवर अभियंताओं ने आदेश पर हैरानी जातते हुए विरोध जताया। उन्होंने कहा कि वे आवारा पशु पकड़ने के लिए प्रशिक्षित नहीं है। पशु पकड़ने में उन्हें चोट लग सकती है। डिप्लोमा इंजीनियर संघ के अध्यक्ष  विजय सिंह ने भी अधिशासी अभियंता को पत्र लिखकर ड्यूटी लगाए जाने पर आपत्ति जताई।

ड्यूटी लगाने का पत्र वायरल होने के बाद डीएम ने मामले को संज्ञान में लिया। डीएम के आदेश पर अधिशासी अभियंता कन्हैया झा ने त्रुटिवश आदेश जारी होने की बात कहकर आदेश को निरस्त करने संबंधी पत्र जारी किया। जारी आदेश भले ही निरस्त हो गया, पर मामले में लखनऊ से जांच बैठा दी गई है।

इन अवर अभियंता की लगाई गई थी ड्यूटी
अवर अभियंता पन्नालाल की पुलिस लाइन से भरुहना चौराहे तक, संतोष कुमार की भरुहना चौराहे से बरौधा पुल तक, धीरेंद्र नरायण दुबे की बरौधा पुल से बथुआ तिराहा तक, मनोज कुमार का बथुआ तिराहा से  सबरी फाटक तक, कमलेश कुमार का सबरी फाटक से नटवा तिराहे तक, राजू का नटवा तिराहे से ओझला बाई पास पुल तक, सत्यप्रकाश सिंह का ओझला बाई पास पुल से अमरावती चौराहे तक, रमेश कुमार पाल का अमरावती चौराहे से अष्टभुजा तक, प्रभुनाथ यादव का अष्टभुंजा से विरोही तक ड्यूटी लगी थी। 

27 को जारी हुआ पत्र, 28 को हुआ वापस
प्रांतीय खंड लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता कन्हैया झा ने 27 जनवरी को अवर अभियंताओं की ड्यूटी लगाए जाने का पत्र जारी किया था। अवर अभियांताओं के विरोध, सोशल मीडिया में पत्र वायरल होने पर डीएम के निर्देश पर 28 जनवरी को त्रुटिवश आदेश जारी होने की बात कहकर आदेश निरस्त किया गया।
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सीएम कार्यालय ने दिए जांच के आदेश
सीएम के दौरे पर पशु पकड़ने के लिए अवर अभियंता की ड्यूटी लगाए जाने के मामला तूल पकड़ने के बाद सीएम कार्यालय ने संज्ञान में लिया है। सूत्रों की माने तो सीएम कार्यालय ने जांच का आदेश दिया है कि किसके कहने पर और कैसे आदेश जारी हुआ। 

डीएम सुशील कुमार पटेल ने बताया कि मामला संज्ञान में आने पर ड्यूटी लगाने वाले अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी से बात किया गया। उन्होंने बताया कि त्रुटिवश आदेश जारी हुआ था। उसे निरस्त कर दिया गया है। जो आवारा पशु घूमते हैं। उनको पकड़ने के लिए अलग टीम लगी है।
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