डॉ. कल्पना चौधरी ने बताया कि यह शोध उनके एसईआरबी द्वारा वित्तपोषित फ्यूअल सेल इलेक्ट्रिक व्हीकल परियोजना का परिणाम है। इस ई-बाइक में यांत्रिक एवं विद्युत अभियंत्रण तकनीकों का समन्वय कर तीन-तरफा इंटरकन्वर्टिबल प्रणाली विकसित की गई है। इसमें बीएलडीसी मोटर लगी है, जिसे 500 वाॅट की हाइड्रोजन फ्यूअल सेल या 24 वोल्ट की बैटरी से ऊर्जा मिलती है। परियोजना में शोधार्थी मितांशु मीणा, ऐश्वर्या और अथर्व ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।