रेलवे के निजीकरण पर रोक, नाइट ड्यूटी सीलिंग लिमिट 43600 आदेश रद्द करने और 1 जुलाई 2017 से रिकवरी आदेश वापस लेने की मांग सहित ओपन लाइन स्टाफ को 50 लाख का जीवन बीमा की मांग को लेकर रेलकर्मी आंदोलित है। शनिवार को विरोध स्वरूप वाराणसी मंडल के स्टेशन मास्टरों ने भूखे पेट रहकर ट्रेनों का संचालन किया।
ऑल इंडिया स्टेशन मास्टर्स एसोसिएशन के मंडल सचिव अजय नारायण पांडेय ने बताया कि चौथे चरण के विरोध में देश भर के 39000 स्टेशन मास्टर ऑन ड्यूटी एवं ऑफ ड्यूटी 12 घंटे भूखे रहकर ट्रेन संचालन किए। नवंबर में भुगतान होने वाले नाइट ड्यूटी एलाउंस में कटौती कर दी गई है। अगर इस आदेश को रेल प्रशासन द्वारा रद्द नहीं किया गया तो पांचवें चरण के विरोध का तरीका और भी ज्यादा कठिन हो सकता है। वहीं राजातालाब स्टेशन मास्टर एलबर्ट एक्का सेवानिवृत्त हुए तो सभी साथियों ने भारी मन से उपवास रहकर विदाई दी। समारोह में केके सिंह, स्टेशन अधीक्षक मंडुवाडीह अरुण कुमार, अमित दुबे, विनोद राय, रूपेश कुमार, प्रमोद कुमार, अभिषेक सिंह, आइस्मा के मंडल अध्यक्ष मो. जमील, मंडल सचिव राजीव सिंह, शाखा सचिव सर्वेश कुमार मौर्य आदि उपस्थित रहे। अध्यक्षता स्टेशन मास्टर आरके सिंह राजातालाब ने किया।