नवजात शिशुओं को एचबीएनसी विजिट की उपलब्धि 100 प्रतिशत रही, जबकि पूर्ण टीकाकरण की उपलब्धि 97.98 प्रतिशत दर्ज की गई। टीकाकरण में पेंटावैलेंट-3 एवं बीसीजी का अनुपात 1.53 रहा। स्थायी परिवार नियोजन विधि की स्वीकृति 1.21 प्रति 1000 पात्र दंपती दर्ज की गई।
जिले में टीबी नोटिफिकेशन दर 100 प्रतिशत और गर्भवती महिलाओं की एचआईवी स्क्रीनिंग भी 100 प्रतिशत रही। सीएमओ डॉ. एनपी सिंह ने बताया कि स्वास्थ्य सेवाओं की नियमित निगरानी, गुणवत्तापूर्ण सेवाओं और स्वास्थ्य कर्मियों के समन्वित प्रयासों से जिले को प्रदेश में पहला स्थान मिला है।
हेल्थ रैंकिंग में वाराणसी के बाद मुजफ्फरनगर और लखनऊ का संयुक्त स्कोर 0.73 रहा। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार, विभिन्न संकेतकों में बेहतर प्रदर्शन के साथ जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की लगातार निगरानी की जा रही है।