वाराणसी। चुस्त-दुरुस्त रहने के लिए व्यायाम करना बहुत जरूरी है। नियमित रूप से व्यायाम करने से कई बीमारियों को दूर किया जा सकता है। क्योंकि स्वस्थ रहने के लिए नियमित रूप से शारीरिक गतिविधि करना बेहद जरूरी है। कोरोना की वजह से जिम जाना और पार्कों में टहलने जाने से भी लोग बच रहे हैं। ऐसे में रोगमुक्त रहने के लिए नियमित रूप से एक्सरसाइज बहुत जरूरी है। बच्चे हों या वृद्ध हर कोई अपने उम्र के अनुसार अलग तरह से व्यायाम करके खुद को स्वस्थ व सेहतमंद रख सकते हैं। फिटनेस एक्सपर्ट बताएंगे कि अपको अपनी उम्र के अनुसार किस तरह से कुछ शारीरिक गतिविधियां करनी चाहिए।
16 से 20 की उम्र में एरोबिक एक्सरसाइज व स्ट्रेंथ ट्रेनिंग
अक्सर स्ट्रेंथ ट्रेनिंग को लड़कों की फिटनेस से जोड़ा जाता है। लेकिन फिटनेस एक्सपर्ट शिव यादव का मानना है कि लड़कियों को भी इस स्ट्रेंथ ट्रेनिंग करनी चाहिए। स्ट्रेंथ ट्रेनिंग करने से आपकी मांसपेशियां मजबूत होती हैं और बॉडी फिट रहता है। 16 से 20 साल की उम्र ऐसी होती है जब आप शारीरिक तौर पर फिट रहते हैं। इस दौरान कम ही लोग एक्सरसाइज को अपनी दैनिक दिनचर्या में शामिल करते हैं। जबकि आपको स्वस्थ होते हुए भी फिट रहने के लिए स्ट्रेंथ ट्रेनिंग करना चाहिए। फिटनेस एक्सपर्ट का मानना है कि इस उम्र में लड़कियों व युवतियों को एरोबिक एक्सरसाइज और स्ट्रेंथ ट्रेनिंग करनी चाहिए। आमतौर पर लोग एरोबिक एक्सरसाइज और स्ट्रेंथ ट्रेनिंग वजन कम करने के लिए करते हैं। लेकिन इस स्ट्रेंथ ट्रेनिंग से वजन कम ही नहीं बल्कि वजन को बढ़ाने में भी मदद मिलती है।
25 से 40 में हाई इंटेंसिटी ट्रेनिंग व प्लैंक एक्सरसाइज
25 से 40 साल की उम्र को करियर के नजरिए से बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। इस उम्र में अक्सर लोग घंटो ऑफिस में बैठकर काम करते हैं। कुछ लोग ओवरटाइम करते हैं, तो कुछ अपने बिजनेस को लेकर ज्यादा से ज्यादा काम करते हैं। इस तरह एक ही पोश्चर में बैठने के कारण आप कई बीमारियों का शिकार हो सकते हैं। ऐसे में इस उम्र के लोगों के लिए हाई इंटेंसिटी ट्रेनिंग करनी चाहिए। इससे शरीर का फैट बर्न होता है और ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल करने व मांसपेशियों को मजबूत बनाने में फायदेमंद है। हाई इंटेंसिटी ट्रेनिंग में शरीर को जल्दी-जल्दी कसरत करनी पड़ती है। इससे आपको पीठ व कमर के दर्द में भी राहत मिलती है। इसके अलावा प्लैंक एक्सरसाइज भी इस उम्र में करना बेहद बेहतर होता है। प्लैंक एक्सरसाइज करने से ओस्टियोपोरोसिस जैसे रोगों से बचाव हो सकता है। ओस्टियोपोरोसिस हड्डियों का रोग है, जो लगभग 30 की उम्र के बाद महिलाओं में होता है।
50 से 60 की उम्र में करे ताईची
फिटनेस ट्रेनर हरिओम सिंह बताते है कि ताई ची एक काफी पुराना चाइनीस मार्शल आर्ट है। जिसका अभ्यास स्वास्थ्य के लिए बेहतर माना जाता है । 50 की उम्र के लोगों के लिए यह बहुत ही फायदेमंद है । अक्सर अधिक उम्र होने पर शरीर में दर्द और वृद्धों को गिरने का खतरा ज्यादा होता है। ऐसे में ताईची संतुलन बनाने व शरीर में लचीलेपन लाने में मददगार है। इसके अभ्यास को आसानी से किया जा सकता है। ताईची के नियमित अभ्यास से 50 से 60 साल की उम्र के लोगों में गिरने व जख्मी होने की संख्या में 50 फ़ीसदी कमी आती है।