ज्ञानवापी परिसर (सील वजूखाने को छोड़कर) के सर्वे संबंधी जिला जज की अदालत के आदेश की प्रति सोमवार को हिंदू पक्ष की ओर से सारनाथ स्थित भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) के कार्यालय में दी जाएगी। यह जानकारी हिंदू पक्ष के अधिवक्ता सुधीर त्रिपाठी ने दी है। उनका कहना है कि जरूरी औपचारिकताएं शनिवार को पूरी कर ली गईं।
सोमवार को अदालत के आदेश की प्रति एएसआई के स्थानीय अधिकारियों को सौंपकर उनसे वादी और प्रतिवादी पक्ष की बैठक बुलाकर सर्वे का काम जल्द शुरू कराने की मांग की जाएगी। अधिवक्ता सुधीर त्रिपाठी ने कहा कि हाईकोर्ट या फिर सुप्रीम कोर्ट में कैविएट दाखिल की जाएगी। इसकी तैयारी पूरी कर ली गई है। हमारी प्राथमिकता में ज्ञानवापी में एएसआई से सर्वे शुरू करा कर वैज्ञानिक तरीके से वास्तविक तथ्यों को सामने लाना है।
जिला जज डॉ. अजय कृष्ण विश्वेश की अदालत ने शुक्रवार को ज्ञानवापी परिसर (सील वजूखाने को छोड़कर) का सर्वे करने का आदेश एएसआई को दिया है। सर्वे रिपोर्ट चार अगस्त तक अदालत में जमा करनी है। सात पेज के आदेश में अदालत ने कहा है कि इमारत की संरचना को नुकसान पहुंचाए बगैर वैज्ञानिक तरीके से जांच करनी है। यह बताना है कि क्या मंदिर के ऊपर मस्जिद बनाई गई है?