प्रदेश के राज्यपाल रामनाईक ने कहा कि प्रशासन पूजा समितियों से बात करके मूर्ति विसर्जन के लिए सर्वमान्य रास्ता निकाले। उन्होंने कहा कि परंपरा का निर्वहन होना चाहिए लेकिन इस बात का भी ध्यान रखना होगा कि फैक्ट्रियों का प्रदूषित पानी और सीवर गंगा में न गिरे। गंगा को साफ रखना सभी की जिम्मेदारी है। ये बातें उन्होंने रविवार को भैरोनाथ में आयोजित गणेशोत्सव में भाग लेने के बाद पत्रकारों से बातचीत में कहीं। उन्होंने उम्मीद जताई की केंद्र सरकार भी जल्द ही सुभाष चंद्र बोस से जुड़े दस्तावेज सार्वजनिक करेगी।
मराठी समाज के नूतन बाल गणेशोत्सव समाज सेवा मंडल की ओर से आयोजित उत्सव में भाग लेने आए राज्यपाल ने कहा कि गंगा के प्रति मन में आदर है, तो हमें उन्हें साफ रखने की जिम्मेदारी भी उठानी चाहिए। सिर्फ भावना और परंपरा के आधार पर गंगा को प्रदूषित करना उचित नहीं है। इस दिशा में ठोस निर्णय लेने ही होंगे। प्रशासन और पूजा समितियों से
इस मसले पर सुझाव मांगे और उनके सहयोग से उचित रास्ता निकाले। उन्होंने सुभाष चंद्र बोस से जुड़े मामले को अहम बताया। कहा कि नेताजी से जुड़े दस्तावेज एक संवेदनशील विषय है। पश्चिम बंगाल सरकार ने इस दिशा में महत्वपूर्ण पहल की है। मुझे विश्वास है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी नेता जी के दस्तावेजों को जनता के समक्ष लाएंगे।