कोरोना से युद्ध, वातावरण करो शुद्ध के संकल्प के साथ ही गायत्री परिवार ने घर-घर यज्ञ, हर घर यज्ञ का आयोजन किया। महामारी के समूल नाश के लिए आध्यात्मिक उपचार के तहत आयोजन को देश ही नहीं विदेश भर के गायत्री साधकों ने एक साथ अग्निहोत्र किया। वाराणसी जिले में लगभग 10 हजार घरों में लोगों ने सपरिवार यज्ञ में औषधीय अग्निहोत्र किया।
बुधवार को गायत्री तीर्थ शांतिकुंज हरिद्वार के तत्वावधान में कोरोना संक्रमण के समूल नाश के लिए घरों में गायत्री यज्ञ किया गया। माता भगवती देवी मां गायत्री के साथ भगवान भाष्कर, भगवान महामृत्यंजय, रुद्र, नौ ग्रह, वन देव, एवं अग्नि देव का आह्वान किया गया। जौ, काला तिल, जावित्री, दालचीनी, लौंग, बड़ी इलायची, मेवा, नीम व पीपल की पत्ती, गुड़, गिलोय व अश्वगंधा के पाउडर से तैयार हवन सामग्री से अग्निहोत्र संपन्न हुआ। अग्निकुंड में गाय के कंडे व आम की समिधा प्रज्जवलित कर मंत्रोच्चार के साथ आहुतियां अर्पित हुईं।
बाल संस्कारशाला की संचालिका पुष्पा रानी ने कहा कि अग्निहोत्र के जरिए हवा में ही कोरोना वायरस का समूल नाश हो जाएगा। मुख्य प्रबंध ट्रस्टी पं. गंगाधर उपाध्याय ने बताया कि यह आयोजन विश्व के लगभग सौ से अधिक देशों में सुबह 8 से 12 तक हुआ। इस दौरान रमन श्रीवास्तव, अनीलेष तिवारी, सत्यप्रकाश गुप्ता, मनीष चौरसिया, विकास शर्मा, शिव कुमार पांडेय, घनश्याम कर्मयोगी, रमेश सिंह, बेचू लाल, हरिशंकर मौर्या, नरेंद्र मिश्रा, विजेंद्र मिश्रा आदि रहे।