चोर के पास से सामान बरामद।
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मैसेजिंग ऐप के जरिए होता था संपर्क
एसपी ग्रामीण चिराग जैन ने बताया कि पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसका संपर्क दिल्ली निवासी अमित नामक व्यक्ति से एक मैसेजिंग ऐप के माध्यम से होता था। अमित दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों से लग्जरी वाहन चोरी कर उसे उपलब्ध कराता था।
आरोपी चोरी के वाहनों पर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर उन्हें मणिपुर के उखरूल में सिमरे नामक व्यक्ति तक पहुंचाता था, जहां आगे उनकी बिक्री की जाती थी। प्रत्येक वाहन पहुंचाने के बदले उसे 30 हजार रुपये मिलते थे। उसने यह भी स्वीकार किया कि इससे पहले वह दो चोरी की गाड़ियां दिल्ली से मणिपुर पहुंचा चुका है।
दिल्ली में भी दर्ज हैं वाहन चोरी की प्राथमिकी
एसपी ग्रामीण चिराग जैन ने बताया कि आरोपी के खिलाफ नई दिल्ली के हरिनगर और जनकपुरी थानों में भी वाहन चोरी के दो प्राथमिकी दर्ज हैं। तहबरपुर थाने में आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर उसे न्यायालय भेज दिया गया है। पुलिस गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है।
आरोपी पास से हुआ बरामद : एसपी ग्रामीण ने बताया कि चोरी की एक फार्च्यूनर कार (अनुमानित कीमत 50 लाख रुपये) वाहन के मूल दस्तावेज, दो मोबाइल फोन, 1200 रुपये नकद मरामद हुआ।