इस दौरान मंदिर प्रबंधन ने उन्हें अंगवस्त्रम, रूद्राक्ष की माला और प्रसाद भी दिया। धाम क्षेत्र से निकलकर वे माता अन्नपूर्णा मंदिर पहुंची और माता से आशीर्वाद लिया। करीब डेढ़ घंटे बिताने के बाद वे वापस चली गईं। इस दौरान पायल के साथ बेटे जाहिर, जामिर और उनके दोस्त शामिल रहे।