पद्मश्री सम्मान पाने के बाद कहा कि महामना पंडित मदन मोहन मालवीय की तपोभूमि बीएचयू में सेवा का अवसर मिलने के बाद यह सम्मान पाना जीवन की बड़ी उपलब्धि है। इस तरह के सम्मान के बाद जिम्मेदारियां और बढ़ जाती हैं। कहा कि जीवन पर्यंत शल्य चिकित्सा को ऊंचाइयों पर ले जाने का प्रयास करते रहेंगे।