काशी में अभी चार दिन तक और कोहरे की मार पड़ती रहेगी। सतह पर गर्म और नम हवाएं और आसमान में ठंडी और शुष्क हवाओं के बहने से कोहरे की बारिश अभी होने के आसार हैं। दिन के करीब नौ बजे तक और रात को आठ बजे के बाद कोहरे की घनी चादर छाई रहेगी। गुरुवार को भी दिन के नौ बजे के बाद सूर्यदेव आसमान में कुछ देर टिमटिमाते नजर आए और फिर छिप गए। वातावरण में कोहरे की धुंध से रेल, सड़क और हवाई सेवा प्रभावित हो गई है।
नमी के साथ हल्की गर्म और शुष्क ठंडी हवाओं के चलते मौसम में उलटफेर हुआ है। इससे आसमान में कोहरे की घनी धुंध छाई हुई है। फिलहाल वाराणसी और आसपास के इलाकों में इस मौसम से अभी चार दिन तक निजात नहीं मिलेगी। सतह पर पूरवा हवा में नमी बनी हुई है, जबकि एक किमी से छह किमी ऊंचाई तक तेज रफ्तार से शुष्क और नम हवा के झोंके बह रहे हैं। जब तक इन हवाओं के रुख में बदलाव नहीं आएगा तबतक कोहरा पड़ता रहेगा।
बीएचयू के मौसम विशेषज्ञ डॉ. एसएन पांडेय ने बताया कि जबतक ऊंचाई पर पहने वाली पछुआ हवाओं का प्रभाव सतह पर नहीं आएगा तबतक कोहरा पड़ता रहेगा। अभी चार दिन तक इसी तरह का मौसम बने रहने की उम्मीद है। बाबतपुर मौसम केंद्र के अनुसार गुरुवार को तापमान में गिरावट आ गई। अधिकतम तापमान जहां 23.6 डिग्री सेल्सियस रहा, वहीं न्यूनतम तापमान भी गिर कर 14 डिग्री सेल्सियस पर आ गया।