उन्होंने बताया कि 1 अप्रैल की सुबह ज्योतिर्मठ के आधिकारिक मोबाइल नंबर पर एक अज्ञात नंबर से आपत्तिजनक भाषा में संदेश प्राप्त हुआ। संदेश में अभद्र और अमर्यादित शब्दों का प्रयोग करते हुए शंकराचार्य को गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी गई। इसके बाद उस नंबर को ब्लॉक कर दिया गया, लेकिन मामला यहीं नहीं रुका।
परमात्मानंद के अनुसार, छह अप्रैल की दोपहर उसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा वॉयस मेल के माध्यम से दो ऑडियो संदेश भेजे गए। इन संदेशों में भी अश्लील भाषा का प्रयोग करते हुए शंकराचार्य को जान से मारने की धमकी दी गई। आरोप है कि धमकी देने वाले ने कहा कि उनका हश्र अतीक अहमद जैसा किया जाएगा और गविष्ठी यात्रा के दौरान ही उन्हें खत्म कर दिया जाएगा।
मामले को गंभीरता से लेते हुए भेलूपुर थाना पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। थाना प्रभारी सुधीर कुमार त्रिपाठी ने बताया कि जिस मोबाइल नंबर से धमकी दी गई है, उसकी जानकारी जुटाई जा रही है और तकनीकी माध्यमों से उसे ट्रेस करने का प्रयास किया जा रहा है।