पिता वशिष्ट दुबे ने मामले की तहरीर दी। इसमें आरोप लगाया कि मेरा पुत्र शादियाबाद थाना में फालोवर के पद पर तैनात था। दो वर्ष से मानदेय नहीं मिल रहा था। इससे वह काफी परेशान रहता था। थानाध्यक्ष बृजेश शुक्ला ने बताया कि पिता द्वारा तहरीर मिली दी। तहरीर में वेतन न मिलना लिखा गया है। परिवार के लोगों ने पुलिस के पहुंचने से पहले ही शव को फंदे उतार दिया था।
शव का पोस्टमार्टम होने के बाद रिपोर्ट आने पर ही मौत का कारण स्पष्ट होगा। उधर शादियाबाद थाना पुलिस ने बताया कि फालोवर दीपक दुबे मिलनसार और हंसमुख स्वभाव का था। आज सुबह नौ बजे उसकी मौत की सूचना मिली। वह डेढ़ माह से छुट्टी पर था। उसे लगभग दो वर्ष से वेतन नहीं मिल रहा था, इससे निराश और परेशान रहता था।