बंधक बनाए गए अधिकारियों से लोगों ने कहा- आप लोग खुद ही आपस में तय करिए कि सीवर से निजात दिलाने की जिम्मेदारी किसकी है। इस पर जलकल व गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई के अधिकारी आपस में ही भिड़ गए। जलकल के एक्सीएन व जेई का कहना था कि गिरिजाघर व रामापुरा सीवेज पंपिंग स्टेशन बंद रहने के कारण सीवर व जलभराव की समस्या जंगमबाड़ी, दशाश्वमेध व रामापुरा में आ रही है। वहीं गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई का कहना था कि चैंबर ध्वस्त होने से सीवर लाइनें चोक हैं, जिससे पंप तक सीवर नहीं पहुंच रहा है।
काफी समय से चोक है सीवर लाइन
जंगमबाड़ी वार्ड में सीवर लाइन काफी दिनों से चोक है। पार्षद गोपाल यादव समेत कई लोग सीवर ओवरफ्लो की कई बार शिकायत कर चुके थे। मेयर, नगर आयुक्त, जीएम जलकल और सचिव से समाधान की मांग की, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। इससे कानू बाबू गली, आनंद बाजार, नादकोटि क्षेत्रम, संघ कार्यालय, हनुमान मंदिर के पीछे, अगस्तकुंडा, कालिका गली, रामापुरा, खारीकुआं, सुशील सिनेमा के पीछे वाला हिस्सा सीवर समस्या से जूझ रहा है।