वन रक्षक राजकुमार सिंह ने बताया कि करंजाकला पशु चिकित्सालय में पक्षियों का मेडिकल कराया गया। पशु चिकित्सक डॉ. आलोक कुमार चौधरी ने बताया कि पक्षी की मौत ठंड लगने से हुई है। वन विभाग के अधिकारियों ने सभी शवों को दफन करा दिया।
एक साथ बड़ी संख्या में राष्ट्रीय पक्षियों के मरने पर ग्राम प्रधानपति की मौजूदगी में शोक सभा में दुख व्यक्त किया। शोक सभा में प्रधान पति धनई राम मौर्य, मलखान, शुभम मंगल, सुशील मौर्य, अमन, रामदुलारी देवी, रेखा, आशा देवी, भानु, सोफिया, मुमताज आदि मौजूद रहे।