चांदपुर चाैराहे पर डिवाइडर के बीच से निकलते बाइक सवार।
- फोटो : संवाद
शहर में सड़कों के बीच बने डिवाइडर रात में हादसे की वजह बन रहे हैं। रिफ्लेक्टर नहीं लगने और संकेतक नहीं होने से रात में अक्सर कार चालक डिवाइडर से टकराकर घायल हो जा रहे हैं। एक साल में करीब 18 बड़ी दुर्घटनाएं सिर्फ डिवाइडर से टकराने के कारण हुई हैं। नवंबर में 110 बाइक राइडर घुमावदार डिवाइडर से टकराकर घायल हुए हैं।
रात में सबसे ज्यादा हादसे होते हैं। रिफ्लेक्टर और संकेतक न होने के कारण कई वाहन चालक मोड़ या डिवाइडर को देख ही नहीं पाते। परिणाम तेज रफ्तार में सीधी टक्कर और गंभीर चोटें आती हैं। सभी जगहों पर एक ही बात सामने आई कि रिफ्लेक्टर और संकेतक का ना होना घटना की वजह बनी। स्थानीय लोगों के अनुसार रात 10 बजे के बाद पुलिस की मौजूदगी सड़कों पर नहीं होती।