मंगलवार रात उनकी पत्नी खाना बना रही थी। इसी दौरान लियाकत ने दूसरी बेटी रुखसार को मोबाइल रिचार्ज कराने के लिए भेजा और कमरे का दरवाजा बंद कर फंदे से लटक कर जान दे दी। काफी देर तक जब दरवाजा नहीं खुला तो परिजनों ने आसपास के लोगों को सूचना दी। लोगों ने मिलकर किसी तरह से गेट खोला। अंदर शव लटकता देखकर लोगों ने बेटे को सूचना दी। बुधवार सुबह बेटे के पहुंचने पर पुलिस को सूचना दी गई। एसएचओ अमित सिंह व एसआई मोतीलाल सिपाहियों संग मौके पर पहुंचे और जांच की। लियाकत अली हल्दी-बैरिया के बीच टेंपो चलाकर परिवार का भरण पोषण करता था। उसकी दो बेटियों और एक बेटा है। बेटा बाहर कहीं नौकरी करता है। घर पर उसकी पत्नी व छोटी बेटी है।