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मऊ सिलिंडर हादसा: विस्फोट वाले घर में सब सुरक्षित, आसपास के 13 लोगों ने गंवाई जान

Tue, 15 Oct 2019 12:45 PM IST
गीतार्जुन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मऊ
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सिलिंडर ब्लास्ट से जमींदोज हुए मकान। - फोटो : अमर उजाला
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मऊ जिले के वलीदपुर नगर के बिचलापुरा मुहल्ले में सोमवार को रसोई गैस सिलिंडर विस्फोट से 13 लोगों की मौत हो गई और 14 लोग घायल हो गए। लेकिन यह संयोग ही है कि विस्फोट वाले घर के सदस्य सिर्फ घायल हुए, जबकि बचाव के लिए पहुंचे और अगल-बगल के घरों में रहने वाले और राह चलते लोग जान गंवा बैठे। प्रशासन मामले की त्रिस्तरीय जांच कराएगा।

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बिचलापुरा मोहल्ले की रीता पत्नी स्व. छोटू विश्वकर्मा पांच बेटियों के साथ घर में रहती हैं। हादसे के दौरान सबसे छोटी बेटी संजना और सपना कूड़ा फेंकने बाहर गई थीं। तीन बेटियां मोना, रंजना और ममता घर पर थीं। घटना में रीता के मकान के बगल में स्थित भीमा उर्फ भृगुनाथ और तुलसी के घर भी ध्वस्त हो गए। बगल के कन्हैया और बिरजू के मकान क्षतिग्रस्त हो गए।

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इस घटना में रीता की तीन बेटियां घायल हुई हैं, जबकि पड़ोसी भृगुनाथ के बेटे और बेटी, तुलसी की पत्नी, बेटा और बेटी और कन्हैया की दो बेटियों की मौत हो गई। कन्हैया की दो बेटियां घायल भी हुई हैं। बचाव के लिए पहुंचे सुरेंद्र(48) पुत्र विश्वनाथ तो काल के गाल में समाए ही, उनके पीछे-पीछे मौके पर पहुंची उनकी आठ साल की बेटी निधि भी मलबे में दबकर जान गंवा बैठी।

मलबे की चपेट में आने से मदरसा जा रहे जीशान(16), यासिर(10) पुत्र जावेद अख्तर, दूध लेकर जा रहे शिवम(10) पुत्र रामदरस और ढाबे पर जा रहे इम्तियाज(22) की भी जान चली गई। शोर सुनकर मौके पर पहुंची सुभावती(58) पत्नी खेदू भी जान गंवा बैठीं।

उधर, जिलाधिकारी ज्ञानप्रकाश त्रिपाठी तथा पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य ने बताया कि तीन स्तरीय जांच के लिए तीन टीम बनाई गई हैं। सुरक्षा के दृष्टि से घटनास्थल के आसपास के छह मकान खाली कराकर पुलिस कर्मचारियों की तैनाती की गई है।
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एसपी ने बताया कि घटना के बाद वह और जिलाधिकारी जिला अस्पताल पहुंचे। जिस घर में यह हादसा हुआ है, उसमें रहने वाली संजना पुत्री स्व छोटू विश्वकर्मा से घटना की जानकारी ली। एसपी ने बताया कि मलबे में एक बड़ा टुकड़ा 1982 लिखा हुआ मिला। इससे भवन के 1982 के आसपास बने होने की उम्मीद जताई जा रही है।

एसपी ने बताया कि तीन बिंदुओं पर जांच के लिए एएसपी शैलेंद्र कुमार श्रीवास्तव के नेतृत्व में तीन टीम बनाई गई है। पहली टीम में सीएफओ सुभाष कुमार आग और विस्फोट के कारणों की जांच करेंगे। दूसरी टीम में मुहम्मदाबाद गोहना सीओ नंदलाल घटनास्थल के आस पास व्यक्तियों से घटना की जानकारी एकत्र करेंगे। तीसरी टीम में सीओ सिटी राजकुमार घटना के आपराधिक और फॉरेसिंक पहलुओं की जांच करेंगे।
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