नकदी की कमी से जूझ रहे यश बैंक में कैश निकालने की धनराशि तय होने के बाद भी ग्राहक चक्कर ही काट रहे हैं। अपना पैसा होने के बाद भी उन्हें दूसरे विकल्प तलाशने पड़ रहे हैं। सबसे अहम बात यह है कि ग्राहक पैसा निकालने पहुंचे मगर, उन्हें नकद निकासी की सुविधा नहीं दी गई। उधर, खातेदारों में असमंजस और डर है, बैंक अधिकारी भी पूरी तरह से चुप्पी साधे हुए हैं।
यश बैंक की वाराणसी में फातमान रोड पर एक शाखा है और इसमें करीब दो हजार लोगों के खाते हैं। यस बैंक में एक माह में 50 हजार रुपये से अधिक न निकालने के आदेश के बाद बैंक के ग्राहकों में अफरातफरी का माहौल हो गया है। सुबह बैंक खुलते ही बैंक में ग्राहकों का पहुंचना शुरू हो गया। जिन लोगों के खाते में 50 हजार रुपये से कम थे, ऐसे कई लोगों ने खाते से सारे रुपये निकालने की कोशिश में थे। हालांकि शुक्रवार को बैंक में किसी तरह की निकासी पर कर्मचारी तैयार नहीं हो रहे थे।
बैंक में पहुंचे एक ग्राहक मनीष चौबे ने बैंक प्रबंधक को बताया कि उन्होंने एक पार्टी को एक लाख रुपये का चेक दिया था। बैंक ने उसे बोल दिया कि 50 हजार रुपये से ज्यादा नहीं दे पाएंगे। सोमनाथ विश्वकर्मा की बैंक में 20 हजार रुपये की एफडी है। वह बैंक पहुंचे और अपनी एफडी तुड़वाकर रुपये निकालने जुटे थे। उधर, बैंक मैनेजर ने बताया कि हमारे पास आदेश आ गए हैं कि एक माह में 50 हजार से ज्यादा ट्रांजेक्शन नहीं होगा। इसे बैंक या एटीएम से निकाला जा सकता है।