वाराणसी के दशाश्वमेध थाना अंतर्गत देहलू गली निवासी रौजल अली उर्फ भयानक (22) की हत्या का राज वाराणसी पुलिस ने सोमवार को खोल दिया। भयानक की हत्या बीते हफ्ते रविवार को हुई थी।
पुलिस ने बताया कि रौजल उर्फ भयानक की मारपीट से आजिज आकर उसके दो दोस्तों ने ही उसकी हत्या की थी। पुलिस ने रौजल के दोस्त पथरगलिया दालमंडी के बाबू चापड़ उर्फ अमीरुद्दीन और मदनपुरा के सीबू उर्फ दिलशाद को जेल भेज दिया।
बीते 22 जनवरी की सुबह सराय हड़हा स्थित एक मस्जिद के समीप गली में बोरे में भर कर रौजल का शव फेंका गया था। रौजल का हाथ-पैर और गला रस्सी से बंधा हुआ था।
मामले को लेकर रौजल के पिता अब्दुल कय्यूम ने नया चौक के बाबर और लल्लापुरा के जानू के खिलाफ चौक थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। अब्दुल कय्यूम का आरोप था कि पुरानी रंजिश में बाबर ने जानू और अन्य अज्ञात साथियों के साथ रौजल की हत्या की है।
एसएसपी राम कृष्ण भारद्वाज ने अपने कार्यालय में बताया कि घटनास्थल के समीप के सीसीटीवी कैमरे की फुटेज और इलाकाई लोगों से पूछताछ के आधार पर पता लगा कि 21 जनवरी की रात बाबू चापड़ और सीबू इलाके में देखे गए थे।
सोमवार की सुबह दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की गई तो उन्होंने बताया कि रौजल उनका दोस्त था। तीनों साथ नशा करते थे। मगर, नशे में धुत होने के बाद रौजल दोनों को मारता-पीटता था।