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ठेकेदार अवधेश की पत्नी ने बताया- एक हफ्ते पहले जेई मनोज ने बकाया भुगतान कराने को लिए थे दस लाख

Thu, 29 Aug 2019 08:36 PM IST
गीतार्जुन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
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ठेकेदार अवधेश श्रीवास्तव (फाइल फोटो)। - फोटो : अमर उजाला
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ठेकेदार अवधेश चंद्र श्रीवास्तव के बकाया का भुगतान कराने के लिए पिछले शुक्रवार को पीडब्ल्यूडी के जेई मनोज सिंह ने 10 लाख रुपये कमीशन लिया था। इसके बावजूद मनोज भुगतान नहीं कराए और टरकाते रहे। ठेकेदार अवधेश की पत्नी प्रतिभा ने ‘अमर उजाला’ से यह बातें गुरुवार को विश्वनाथपुरी कॉलोनी स्थित अपने घर पर कहीं।

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प्रतिभा ने कहा कि उनके पति अवसादग्रस्त नहीं थे। अवधेश का जितना भी बकाया था उसका पाई-पाई का भुगतान किया जाए। इसके साथ ही परिवार को 50 लाख रुपये की आर्थिक मदद देकर सुरक्षा की मुकम्मल व्यवस्था की जाए।

गाजीपुर जिले के नंदगंज थाना अंतर्गत पहाड़पुर निवासी अवधेश चंद्र की पत्नी प्रतिभा ने कहा कि पीडब्ल्यूडी के अभियंताओं के भुगतान न करने के कारण शादी से लेकर अब तक खरीदे गए उनके सारे जेवर या तो गिरवी हैं या बिक गए हैं। रिश्तेदारों और करीबियों का हम पर लाखों रुपये कर्ज है।

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परिवार पूरी तरह से कंगाल हो गया है। सभी अभियंताओं के पास जा-जाकर अवधेश ने भुगतान करने के लिए विनती की, लेकिन किसी ने एक न सुनी और लगातार परेशान करते रहे। बकाया मांगने पर उनसे बार-बार कमीशन मांगा जाता था और ब्लैक लिस्टेड कर जेल भेजने की धमकी दी जाती थी। प्रतिभा ने मांग की कि पति की मौत के लिए कसूरवार सभी लोगों को पुलिस गिरफ्तार कर जेल भेजे और कड़ी सजा दिलाए। इसके साथ ही ऐसी व्यवस्था हो कि फिर किसी का परिवार इस तरह से न बिखरे।

भाई का मर्डर हुआ है, कराई जाए सीबीआई जांच :
ठेकेदार अवधेश के बड़े भाई जगदीश नारायण श्रीवास्तव ने कहा कि उनका भाई जिंदादिल, मिलनसार और समझदार इंसान था। वह आत्महत्या नहीं कर सकता था। सुनियोजित तरीके से उसका मर्डर किया गया है। चीफ इंजीनियर के कमरे में तीन लोग थे और जब अवधेश ने रिवाल्वर निकाली तो अन्य लोग भागे क्यों नहीं।

पुलिस और प्रशासन के अधिकारी किसी को बचाने का प्रयास न करें। प्रदेश सरकार पूरे प्रकरण की सीबीआई जांच कराए और इस मामले में जिसकी भी संलिप्तता मिले उसे जेल भेजा जाए। वहीं, पत्नी प्रतिभा ने भी प्रकरण की सीबीआई जांच की मांग की।

48 लाख के भुगतान में मांग रहे थे आठ लाख कमीशन :
परिजनों ने बताया कि पीडब्ल्यूडी के अभियंता जो 48 लाख बकाया बता रहे हैं, उसके भुगतान के लिए आठ लाख कमीशन मांग रहे थे। इसे लेकर अवधेश का कहना था कि अब या तो पूरा भुगतान होगा या तो वह कुछ ऐसा करेंगे कि विभाग से कमीशनखोरी खत्म हो जाएगी। हालांकि किसी को यह उम्मीद नहीं थी कि वह ऐसा आत्मघाती कदम उठाएंगे।

एक हफ्ते से हो गए थे चिड़चिड़े, रात में लिखा सुसाइड नोट :
ठेकेदार अवधेश के छोटे बेटे सृजल ने बताया कि उसके पिता बीते एक हफ्ते से उसके पापा काफी चिड़चिड़े से हो गए थे। छोटी-छोटी बातों पर उन्हें अनावश्यक गुस्सा आ जाता था। किसी से बहुत ज्यादा बात भी नहीं करते थे। बीते रविवार को अवधेश के बड़े भाई घर आए तो उनसे भी उन्होंने सही तरीके से बातचीत नहीं की। 

मंगलवार की रात अवधेश अपने कमरे में बैठ कर कागजों पर कुछ लिख रहे थे। सृजल ने पूछा कि पापा क्या लिख रहे हैं तो उसे डांट कर अवधेश ने कमरे से बाहर कर दिया था। इसे लेकर माना जा रहा है कि अवधेश ने मंगलवार की रात सुसाइड नोट लिख कर आत्महत्या करने की ठानी।

कैसे होगी बेटी की शादी, कैसे पढ़ेंगे बच्चे :
बिलखती हुई प्रतिभा ने कहा कि अवधेश के न रहने पर अब समझ में नहीं आ रहा है कि बेटी की शादी कैसे होगी। तीनों बच्चे कैसे पढ़ेंगे और पहाड़ सी यह जिंदगी कैसे कटेगी। परिवार को बीच मझधार में छोड़ कर अवधेश चले गए। इस बीच प्रतिभा बार-बार बेसुध हो जा रही थी। होश में आने पर फिर बच्चों के भविष्य और उनके पालन पोषण की बात कर बिलखने लग जा रही थी।

कल ही आया था बिजली विभाग का इंस्पेक्टर :
प्रतिभा ने बताया कि बिजली विभाग की आरसी जारी होने के बाद सबसे ज्यादा परेशान इंस्पेक्टर दीपक श्रीवास्तव ने सबसे ज्यादा परेशान किया। मंगलवार को वह घर आकर धमका गया था और गुरुवार को फिर आने को कह गया था। दीपक के घर आते ही अवधेश तनावग्रस्त हो जाते थे और उसे बताते थे कि उनकी कोई गलती नहीं है, लेकिन वह कोई बात सुनने को तैयार ही नहीं होता था।
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होली और सावन में बहुत याद आएंगे अवधेश :
विश्वनाथपुरी कॉलोनी के लोग भी ठेकेदार अवधेश की मौत से खासे दुखी दिखे। कॉलोनी के लोगों ने बताया कि प्रत्येक वर्ष होली में अवधेश अपने घर पर सभी को बुलाते थे और रंग खेलते थे। इसके बाद सभी को जबरन गुझिया खिलाकर जमकर नाचते-गाते थे। इसी तरह से प्रत्येक वर्ष सावन में रामचरित मानस का पाठ करा कर भंडारा आयोजित कराते थे। कॉलोनी में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति को अवधेश भंडारा में शामिल होने के लिए खुद बुलाते थे। कॉलोनी के लोगों ने कहा कि सीधेसादे मिलनसार अवधेश होली और सावन में बहुत याद आएंगे।
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