वाराणसी के चौबेपुर क्षेत्र स्थित राजवारी बस स्टैंड के समीप बुधवार की सुबह यूपी कॉलेज के 11वीं के छात्र विकास यादव (16) को पड़ोस के गांव के आशुतोष सिंह ने तमंचे से गोली मार दी।
तमंचे से निकली गोली विकास के बाएं कंधे से होते हुए सीने में जा फंसी। समीप ही स्थित पिकेट से आए पुलिसकर्मियों ने विकास को बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया, जहां उसकी हालत गंभीर बताई गई है।
अस्पताल में भर्ती विकास के अनुसार साल भर पहले आशुतोष सिंह की बाइक से उसकी साइकिल टकरा गई थी, तो विवाद हुआ था। उसी रंजिश में आशुतोष ने उसे गोली मारी है। घायल और आरोपी दोनों पुलिसकर्मियों के बेटे हैं।
चौबेपुर थाना अंतर्गत डुढुवा गांव निवासी रामाश्रय यादव मऊ जिले में कांस्टेबल के तौर पर तैनात हैं। उनका बेटा विकास यादव यूपी कॉलेज में 11वीं का छात्र है। विकास के अनुसार वह बस पकड़ने के लिए राजवारी बस स्टैंड के समीप खड़ा था।
इसी दौरान टेकुरी गांव निवासी और मऊ जिले में तैनात पुलिसकर्मी अशोक सिंह का बेटा आशुतोष सिंह तमंचे से फायरिंग कर भाग निकला। गोली लगने से घायल विकास भागता हुआ थोड़ी दूर पर स्थित पुलिस पिकेट पर पहुंचा। दरोगा सुबाष सिंह ने एंबुलेंस मंगवाकर उपचार के लिए मंडलीय अस्पताल भिजवाया, जहां से उसे बीएचयू ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया।
थानाध्यक्ष चौबेपुर ओम नारायण सिंह ने बताया कि दोनों ही छात्र हैं और दोनों के पारिवारिक संबंध हैं। घटना को लेकर फोन करने के बावजूद देर शाम तक तहरीर नहीं दी गई है।
विकास एक साल पुराना झगड़ा बता रहा है और आशुतोष की आम शोहरत ठीक नहीं है। अवैध असलहे का उपयोग होने के कारण आशुतोष की गिरफ्तारी के लिए टीम लगाई गई है।