शराब की लत बहुत बुरी होती है और आदमी सोचने-समझने की शक्ति खो देता है। कुछ ऐसा ही वाराणसी के कुंभापुर गांव में हुआ। शराब पीने के लिए परिजनों ने पैसा नहीं दिए तो युवक ने अपने बेटे के स्कूल बैग और कॉपी-किताबों में आग लगा दी।
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युवक की करतूत से गुस्साए परिजनों ने सौ नंबर पर फोन किया तो बड़ागांव थाने की पुलिस ने शांतिभंग के आरोप में सोमवार को उसका चालान कर दिया। बड़ागांव थाना अंतर्गत कुंभापुर गांव निवासी युवक रविवार की रात परिजनों से मांग रहा था।
परिजनों को उसकी शराब पीने की आदत के बारे में पता है, इस वजह से उन्होंने उसे पैसा देने से मना कर दिया। इससे गुस्सा कर आशुतोष ने अपने बेटे के बैग, किताब और कॉपी में आग लगा दी।
इस संबंध में इंस्पेक्टर बड़ागांव महेश पांडेय ने बताया कि आशुतोष को समझाया गया है और उसका चालान किया गया है। उसकी आदत में सुधार नहीं हुआ और दोबारा शिकायत मिली तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।