आजमगढ़ जिले के देवगांव कोतवाली क्षेत्र के बेइली पंचायत भवन में सोमवार की दोपहर भवन निर्माण सामग्री के कारोबारी की गोली मारकर की हत्या कर दी गई।
शाम को ग्रामीणों ने लाश देखी तो पुलिस को सूचना दी। कारोबारी के मोबाइल से उसके घर फोन करने पर उसकी शिनाख्त हो सकी। घटना की सूचना मिलने पर एसपी सिटी सुभाष चंद्र गंगवार, कोतवाल देवगांव पहुंचकर मुआयना किया।
पुलिस घर वालों को सूचना देकर लाश पोस्टमार्टम के लिए भेजवा दिया। देवगांव कोतवाली क्षेत्र के हरनीडेहरा गांव निवासी योगेंद्र सिंह (45) की बल्ली पटरा की दूकान थी। सोमवार को योगेंद्र बाइक से कहीं जा रहे थे।
दोपहर को उनकी लाश बेइली पंचायत भवन में खून से लथपथ पड़ी हुई थी। योगेंद्र की बाइक पंचायत भवन से थोड़े दूर स्थित सड़क पर खड़ी थी। उसकी मोबाइल जेब में था।
लेकिन बैट्री डिस्चार्ज होने की वजह से मोबाइल बंद था। मौके से पुलिस ने एक जोड़ी चप्पल बरामद की है। गांव के लोग योगेंद्र की लाश देखकर पुलिस को सूचना दिया। कुछ ही देर में कोतवाल देवगांव रुपेश सिंह, एसओ मेहनाजपुर पहुंच गए।
काल डिटेल खंगाल रही पुलिस
मृतक की बाइक।
- फोटो : अमर उजाला
कोतवाल देवगांव के मुताबिक मौके की स्थिति देखने से लगा रहा कि हत्यारोपी योगेंद्र के परिचित रहे हैं। वह उसे बातचीत के लिए पंचायत भवन के पास बुलाए होंगे और वह अपनी बाइक सड़क पर लॉककर यहां चला आया।
बातचीत के दौरान इनमें विवाद हुआ और बदमाश सामने से माथे पर असलहा सटाकर गोली मार दिया। सिर में गोली लगने से उसका चेहरा पहचान में नहीं आ रहा था।
मोबाइल चार्ज करने के बाद घर वालों को फोन किया गया तो पहचान हुई। पुलिस के मुताबिक घटनास्थल को देखने से लग रहा था कि हत्या से पहले इनमें मारपीट भी हुई है।
हत्या करने के बाद बदमाश फरार हो गए। लेकिन एक व्यक्ति का चप्पल मौके पर छूट गया है। पुलिस हत्यारोपियों तक पहुंचने के लिए योगेंद्र के मोबाइल का काल डिटेल भी खंगाल रही है।
योगेंद्र सिंह तीन भाई और एक बेटे का पिता थे। एसपी सिटी सुभाष चंद्र गंगवार ने बताया कि शव की पहचान हो गई है। लेकिन हत्यारोपी और कारण की जानकारी नहीं हो सकी है। पुलिस जांच पड़ताल कर रही है।