बीएचयू की एक शोध छात्रा ने बीएचयू के ही रेजिडेंट डॉक्टर प्रियांस जैन पर बलात्कार का आरोप लगाया है। छात्रा की तहरीर पर लंका पुलिस ने आरोपी रेजिडेंट डॉक्टर के खिलाफ दुष्कर्म, धोखाधड़ी, मारपीट और जान से मारने की धमकी का मुकदमा दर्ज कर मामले की तफ्तीश शुरू कर दी है। छात्रा का आरोप है कि तीन साल पहले फेसबुक पर डॉ. प्रियांस से उसकी दोस्ती हुई थी। फिर प्यार और शादी का झांसा देकर आरोपी ने उसके साथ कई बार दुष्कर्म किया। लंका पुलिस आरोपी रेजिडेंट डॉक्टर की तलाश में जुटी है।
झारखंड निवासी छात्रा ने तीन साल पहले बीएचयू के एक विभाग में पीएचडी के लिए दाखिला लिया। उसी दौरान फेसबुक पर उसकी दोस्ती बीएचयू आईएमएस के त्वचा रोग विभाग के छात्र और सुश्रुत हॉस्टल में रहने वाले डॉ. प्रियांस से हुई। छात्रा का आरोप है कि डॉ. प्रियांस ने उसका मोबाइल नंबर लिया और फिर दोनों के बीच बातचीत होने लगी। उन दिनों छात्रा नगवां स्थित एक निजी हॉस्टल में रहती थी। डॉ. प्रियांस ने उसे अपनी बातों के जाल में फंसाया और उसका कमरा बदलवाकर उसे सामने घाट स्थित अपने एक परिचित के घर में रखवाया।
छात्रा जब सामने घाट रहने लगी तो डॉ. प्रियांस भी यहां आने-जाने और साथ रहने लगा। शादी का झांसा देकर शारीरिक संबंध भी बनाए। इस बीच, छात्रा को बीएचयू कैंपस में हास्टल आवंटित हो गया। बीते साल नवंबर में वह हास्टल में आकर रहने लगी। दोनों के बीच संबंधों में तब दरार आनी शुरू हुई जब छात्रा ने शादी के लिए दबाव बनाया। डॉ. प्रियांस ने शादी से इनकार करते हुए उसकी पिटाई की और जान से मारने की धमकी दी।
इसके बाद छात्रा के साथ उसकी जोर-जबरदस्ती और बढ़ गई। आखिरकार मंगलवार की रात छात्रा ने लंका थाने में तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया। छात्रा ने कहा कि वह डॉ. प्रियांस को उसके किए की सजा दिलाना चाहती है। बता दें कि आरोपी मेडिकल छात्र राजस्थान के भीलवाडा के हरदा का रहने वाला है।
छात्रा ने आरोप लगाया कि डॉ. प्रियांस उसे जबरन कई तरह की टैबलेट खिलाता था। जिसके बाद वह अर्धचेतना की स्थिति में हो जाती थी। उसने इस मामले की शिकायत जनवरी में महिला हेल्पलाइन 1090 और बीएचयू में भी की थी। उसी के बाद से उसकी धमकी का सिलसिला तेज हो गया था।