100 नंबर पर सूचना पर पहुंची पुलिस ने एक एनजीओ के डायरेक्टर तथा सुपरवाइजर को हिरासत में ले लिया। दोनों को पुलिस मिर्जामुराद थाने ले आई। सूचना देने वाली महिलाएं भी अगले दिन थाने पहुंचीं और घेराव करने लगीं।
आरोप था कि दोनों ने नौकरी के नाम पर तीन-तीन हजार रुपये लिए हैं। कुल 130 महिलाओं से ठगी की गई है। महिलाओं के रुपये लौटाने पर पुलिस ने दोनों को हिदायत देकर छोड़ दिया।
मिर्जामुराद थाना क्षेत्र के मेहदीगंज की शीला ने बताया कि चार माह पहले गांव पहुंचे एनजीओ के लोगों ने बताया कि गांवों के मंदिरों की सफाई अभियान के मद्देनजर नौकरी देने आए हैं। नियुक्ति के लिए तीन हजार रुपया एडवांस लिया जाएगा।
गांव की कुछ महिलाएं एडवांस देकर मंदिरों और उनके आसपास सफाई करने लगीं। दो महिलाओं को 1820 रुपये प्रतिमाह के हिसाब से पारिश्रमिक मिला तो 130 महिलाएं संस्था से जुड़ गईं। सभी काम करती रहीं लेकिन किसी को मानदेय नहीं मिला।
चार महीने बाद सोमवार रात एनजीओ के डायरेक्टर और सुपरवाइजर मेहदीगंज में दिखे तो महिलाओं ने पुलिस को सूचना दी। मंगलवार को ममता पांडेय, शीला, रेखा, बसंती देवी, लखवंती देवी, मुन्नी देवी, रामा देवी, लक्ष्मीना देवी, शांती देवी, प्रेमा सहित दर्जनों महिलाएं थाने पहुंचीं।
थानाध्यक्ष ने बताया कि सभी महिलाओं का भुगतान करने पर दोनों को छोड़ दिया गया है।