हरिश्चंद्र घाट पर बुधवार को दो घंटे तक शवदाह नहीं हुआ। लकड़ी कारोबारी और उसके नौकरों की डोम राजा के परिवारीजनों से मारपीट के बाद यह नौबत उत्पन्न हुई। सुबह नौ बजे शवदाह ठप कर डोम राजा के परिवारीजन कार्रवाई के लिए भेलूपुर थाने पहुंचे।
शवदाह ठप होने की जानकारी मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर लकड़ी कारोबारी नगवा के संदीप यादव और उसके नौकर टमाटर व जल्लाद के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। साथ ही, डोम राजा के परिवारीजनों को समझा-बुझाकर 11 बजे के लगभग शवदाह शुरू कराया गया।
भेलूपुर थाने पहुंचे डोम राजा परिवार के गुंजन और मनोज चौधरी ने बताया कि मंगलवार की रात गाजीपुर से कुछ लोग शवदाह के लिए हरिश्चंद्र घाट आए थे। इसी दौरान शराब के नशे में धुत टमाटर और जल्लाद ने गाजीपुर से आए लोगों के साथ अकारण ही बदसलूकी की और हाथापाई पर आमादा हो गए।
मनोज और गुंजन ने विरोध किया तो टमाटर और जल्लाद ने उन्हें मारापीटा। बीचबचाव कर लोेगों ने मामला शांत कराया। बुधवार की सुबह टमाटर और जल्लाद का मालिक संदीप हरिश्चंद्र घाट पहुंचा। तीनों ने फिर गुंजन और मनोज के साथ मारपीट की। सीओ भेलूपुर राजेश कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि एहतियातन हरिश्चंद्र घाट पर फोर्स तैनात की गई है।
मनोज और गुंजन चौधरी की तहरीर पर तीनों आरोपियों के खिलाफ मारपीट सहित अन्य आरोपों में मुकदमा दर्ज किया गया है। बता दें कि हरिश्चंद्र घाट पर साल के बारहों महीने चौबीसों घंटे शवदाह होता है। रोजाना औसतन 50 से 60 शव का यहां अंतिम संस्कार किया जाता है।