उन्होंने थाना प्रभारी से बात की तो उनका कहना था कि बैटरी और बैटरी बॉक्स को सुरक्षा के मद्देनजर अलग रखवाया गया है। नौ जनवरी को वह फिर चौकी गए तो थाना प्रभारी ने दीवान को बैटरी और अन्य सामान देने को कहा।
इस पर दरोगा अनिल कुमार साहू ने बैटरी और बैटरी बॉक्स देने से इनकार कर दिया। दोनों सामान की कीमत 11 हजार रुपये है। थाने और चौकी से निराश होकर कृष्ण प्रताप फिर अदालत की शरण में गए। अदालत ने कृष्ण प्रताप के प्रार्थना पत्र पर मिर्जामुराद थाना प्रभारी को व्यक्तिगत पेश होने का आदेश दिया है।