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UP: कफ सिरप...सिंडिकेट के सरगना शुभम के दो राजदारों को SIT ने उठाया, पूछताछ; विकास सिंह की भी खोज जारी

Mon, 08 Dec 2025 11:11 AM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

एसआईटी लगातार शुभम जायसवाल और अन्य लोगों को लेकर संबंधित ठिकानों पर दबिश दे रही है। वाराणसी में बाप-बेटे के खिलाफ कोतवाली समेत अन्य थानों में 10 से अधिक प्राथमिकी दर्ज हो चुकी है।
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अमित सिंह टाटा और शुभम जायसवाल। - फोटो : संवाद
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विस्तार
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Varanasi News: कफ सिरप मामले में कमिश्नरेट की एसआईटी ने शुभम जायसवाल के दो बड़े राजदारों को हिरासत में लिया है। एसआईटी ने लंबी पूछताछ के बाद दोनों आरोपियों से गहरे राज उगलवाए। दोनों फर्म संचालक शहर के रहने वाले हैं। 

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दोनों आरोपियों के फर्म संबंधित दस्तावेज खंगाले गए। तथ्य और साक्ष्यों के आधार पर एसआईटी ने दोनों को हिरासत में लिया। एसआईटी को इन दोनों के खिलाफ ठोस सबूत मिले हैं। एनडीपीएस, धोखाधड़ी समेत अन्य आरोपों में वांछित दोनों की गिरफ्तारी तय है। शुभम के एक चार्टर्ड एकाउंटेंट से भी पूछताछ हो रही है।

शहर के रहने वाले दोनों आरोपियों ने एसआईटी की पूछताछ में बताया कि वह पिछले एक साल से कफ सिरप की खरीद बिक्री में संलिप्त थे। एसआईटी की जांच में सामने आया कि कफ सिरप की खरीद का रिकॉर्ड तो दर्ज है लेकिन बिक्री का आंकड़ा फर्म संचालकों ने नहीं दिखाया। गहराई तक जांच के बाद बैंक खातों से लेनदेन समेत अन्य विवरण सामने आ गए।

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कार्रवाई से हड़कंप

प्रह्लाद घाट के कायस्थ टोला निवासी और शैली ट्रेडर्स के प्रोपराइटर भोला प्रसाद को सोनभद्र पुलिस ने कोलकाता से गिरफ्तार कर चुकी है। वहीं, उसके बेटे शुभम जायसवाल की गिरफ्तारी को लेकर एसटीएफ और एसआईटी हाथ पैर मार रही है। 

बाप-बेटे के खिलाफ कोतवाली समेत अन्य थानों में 10 से अधिक प्राथमिकी दर्ज हो चुकी है। ईडी की जांच में 200 करोड़ की संपत्ति बेनकाब हुई है। एसआईटी प्रमुख और एडीसीपी काशी जोन सरवणन टी. ने बताया कि दो संदिग्धों से पूछताछ और उनके दस्तावेज को खंगाला जा रहा है।

आजमगढ़ का विकास सिंह नरवे भी पहुंच से दूर
आरोपी शुभम के पार्टनर अमित सिंह टाटा और आलोक एसटीएफ की लखनऊ से गिरफ्तारी के बाद आजमगढ़ के नरवे निवासी विकास सिंह की गिरफ्तारी को एसटीएफ और एसआईटी दबिश दे रही है। दिल्ली और हरियाणा को केंद्र बनाए विकास सिंह के ऊपर आजमगढ़ के एक ब्लाक प्रमुख का हाथ है। लखनऊ एसटीएफ उसकी लोकेशन ट्रेस करने में जुटी हुई है। वहीं, कफ सिरप के अवैध कारोबार का भंडाफोड़ होने के बाद पूर्वांचल के कुछ सफेदपोशों की धड़कने बढ़ गई है। प्रदेश की राजधानी से देश की राजधानी दिल्ली तक सफेदपोशों की दौड़ लग रही है।
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व्यापारी पहुंचे अदालत
कफ सिरप प्रकरण को लेकर लगातार पुलिस और नारकोटिक्स विभाग की कार्रवाई से मचे हड़कंप के बीच करीब 10 दवा व्यापारियों ने कोर्ट की शरण ली है। इसको लेकर रविवार को भेलूपुर स्थित अपने चेंबर में अधिवक्ता श्रीनाथ त्रिपाठी ने मीडिया से बात की। उन्होंने बताया कि 10 दवा व्यापारियों की ओर से वाराणसी के न्यायालय में एक आवेदन पत्र दाखिल किया है, जिसमें न्यायालय से अफवाहों और पुलिस जांच पर रोक लगाने की गुहार लगाई गई है। वाराणसी कोर्ट में इस मामले की सुनवाई सोमवार को होगी। 
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