अफसरों और ठेकेदारों का गठजोड़ प्रधानमंत्री की सांसद निधि को भी बख्शने को तैयार नहीं है। सांसद निधि के कार्यों में भी खुलेआम घपलेबाजी की जा रही है।
सिगरा के सिंधु नगर में सांसद निधि से बिछाई गई सीवर पाइप लाइन में मानक की अनदेखी, आधा-अधूरा काम और कमीशनखोरी की शिकायत भाजपा नेताओं ने बुधवार को डीएम योगेश्वर राम मिश्र से की।
बताया गया कि 3.38 लाख रुपये लागत निर्धारित होने के बावजूद सीमेंट खरीदने के लिए कॉलोनीवासियों से चंदा वसूला गया। भाजपा नेताओं के आग्रह पर डीएम ने इस मामले की जांच कराने का भरोसा दिलाया है। डीएम से शिकायत करने गए भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि सीवर लाइन पूरी नहीं बिछाई गई।
सीवर लाइन की पाइप की चौड़ाई भी मानक के अनुसार नहीं है। चौका का काम भी सही ढंग से नहीं कराया गया। जमकर घपलेबाजी की गई। सीमेंट खरीदने के लिए कॉलोनी के लोगों से चंदा तक वसूला गया। जब तक काम चला तब तक कॉलोनी के लोगों को जेई और ठेकेदार ने यह बताकर भ्रमित किए रखा कि यह काम सपा के एक पार्षद की पैरवी पर नगर निगम के पैसे से कराया जा रहा है।
लोगों को सांसद निधि से इस काम के कराए जाने की जानकारी तब हुई जब हाल ही में काम पूरा होने के बाद कार्यदायी संस्था की ओर से शिलापट्ट लगाया गया। इतना ही नहीं, मार्च 2017 में काम पूरा होने के बाद यह शिलापट्ट 18 अप्रैल 2017 को लगाया गया लेकिन इस पर कार्य समाप्त होने की तिथि 9 नवंबर 2016 दर्शाई गई है।
डीएम से मिलने गए भाजपा नेताओं में कैंट मंडल के प्रभारी सौरभ सिंह मुन्ना, महामंत्री मधूप सिंह, आनंद सिंह, कौशल सिंह, मिथिलेश गुप्ता आदि शामिल थे।