कान्वेंट स्कूलों का नया सत्र शुरू होते ही अभिभावकों की जेब ढीली होने लगी है। इस साल स्कूल फीस में बढ़ोतरी की गई है। कापी किताओं के दामों में भी 12 से 15 फीसदी की वृद्धि हुई है। ऐसे में इस माह अभिभावकों पर दस से 12 हजार रुपये तक के अतिरिक्त खर्च का बोझ बढ़ गया है।
शहर के निजी कान्वेंट स्कूलों में इस साल भी एडमिशन फीस और मंथली फीस में बढ़ोतरी की गई है। पिछले शैक्षणिक सत्र के मुकाबले में इस साल करीब 800 रुपये से लेकर हजार रुपये तक फीस बढ़ाई गई है। इसके अलावा अप्रैल में लिए जाने वाले एनुअल चार्ज में भी 500 से हजार रुपये की बढ़ोतरी की गई है।
निजी स्कूलों के लिए कोई गाइड लाइन न से ही हर साल फीस में मनमाना बढ़ोतरी की जाती है। यही नहीं, एनसीईआरटी की किताबों की बजाए, इनके यहां प्राइवेट पब्लिशर्स की किताबें ही चलती हैं। ऐसे में अभिभावकों पर अतिरिक्त तीन से साढ़े तीन हजार का बोझ बढ़ता है।