कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि केंद्र सरकार ने जब राफेल खरीदा था तब रक्षामंत्री ने उसमें नींबू मिर्चा बांध दिया था। सरकार राफेल को नींबू मिर्च बांधने के लिए ले आई है क्या? आखिर राफेल से नींबू मिर्च कब हटेगा और यह अपना काम कब करेगा? इस बारे में जनता जानना चाहती है। पहलगाम में शहीद हुए लोगों के परिजन जानना चाहते हैं कि सरकार कब इसका इस्तेमाल करेगी और उनको न्याय मिलेगा।
रविवार को लहुराबीर स्थित कैंप कार्यालय पर प्रेसवार्ता के दौरान प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए व प्रतीकात्मक रूप से राफेल दिखाकर सवाल किया कि राफेल से नींबू मिर्ची कब उतरेगी सरकार। अजय राय ने कहा कि हम मांग करते हैं कि राफेल से वार करिए। आज समूचा विपक्ष सरकार को कार्यवाही के लिए समर्थन कर रहा है और सरकार अभी भी चुप है आखिर क्यों?
पहलगाम हमले के बाद राहुल गांधी अपनी अमेरिका यात्रा बीच में रद्द करके लौटे और आते ही सर्वदलीय मीटिंग में गए, सरकार का समर्थन किया। अगले दिन कश्मीर गए और घायलों के साथ ही स्थानीय लोगों से मिले। हमले में शहीद हुए शुभम द्विवेदी के परिवार से मिलकर ढांढ़स बंधाया। राहुल गांधी ने आतंकी हमले में मारे गए लोगों के लिए शहीद के दर्जे की मांग की।
उन्होंने सरकार से ऐसी कार्यवाही की मांग की जिससे हिंदुस्तान के खिलाफ षड्यंत्र करने वालों की रूह कांप जाए। वहीं प्रधानमंत्री भी सऊदी अरब से लौटे और अगले दिन कश्मीर के बजाय बिहार कार्यक्रम में गए। बिहार में भाषण के दौरान भी पाकिस्तान का नाम नहीं लिया। वह सर्वदलीय बैठक में नहीं आए, जबकि दिल्ली में ही थे। 11 दिन में एक बार भी कश्मीर नहीं गए, एक भी शहीद परिवार से नहीं मिले।
प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि प्रदेश की कानून व्यवस्था कोमा में पड़ी है। चौपट कानून व्यवस्था, महिला अपराध, दलितों व आदिवासियों पर अत्याचार, परीक्षाओं में भ्रष्टाचार हर मुद्दे पर सरकार विफल साबित हुई है। इस दौरान महानगर अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे, गुलशन अली, ओमप्रकाश ओझा, पंकज सोनकर, फसाहत हुसैन बाबू शामिल रहे।