कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला मामले में अदालत में अब 13 मार्च को सुनवाई होगी। कांग्रेसी नेताओं की गिरफ्तारी के विरोध में धरना प्रदर्शन व सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने का मामला 24 साल पुराना है।
24 वर्ष पुराने संवासिनी प्रकरण में कांग्रेसी नेताओं की गिरफ्तारी के विरोध में धरना प्रदर्शन व सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने के आरोपी कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव व राज्यसभा सदस्य रणदीप सुरजेवाला मामले में विशेष न्यायाधीश एमपी/एमएलए कोर्ट अवनीश गौतम की अदालत में बुधवार को सुनवाई नही हो सकी। अब 13 मार्च को सुनवाई होगी।
विज्ञापन
सुरजेवाला के अधिवक्ता संजीव वर्मा ने सुप्रीम कोर्ट के उस आदेश का हवाला देकर बताया कि उनकी गिरफ्तारी पर स्थगन आदेश प्रभावी है। इस मामले में स्थानीय अदालत ने गिरफ्तारी वारंट जारी किया था, जिसके खिलाफ सुप्रीमकोर्ट में याचिका लंबित है।
सुरजेवाला की तरफ से आरोप से डिस्चार्ज किए जाने का अनुरोध स्थानीय अदालत में किया गया है। इसके लिए केस डायरी और अन्य अभियोजन प्रपत्र की मांग की गई है।
विज्ञापन
अदालत में सुरजेवाला के हाजिर नहीं होने पर अन्य आरोपियों के खिलाफ आरोप नहीं बन पा रहा है। ऐसे में अदालत ने सुरजेवाला के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया है।