चेतसिंह घाट पर लेजर शो
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उत्तर प्रदेश के ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने नावों को सीएनजी में तब्दील करने सहित पेट्रोलियम और हरित ऊर्जा के क्षेत्र में राज्य में किए गए कार्यों के लिए धन्यवाद दिया। भविष्य की योजनाओं के लिए हरसंभव सहयोग उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया।
नमो घाट पर सीएनजी स्टेशन
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केंद्रीय पेट्रोलिय मंत्री हरदीप पुरी ने कहा कि वाराणसी में गंगा किनारे दूसरा सीएनजी टर्मिनल रविदास घाट पर बनेगा। इसके लिए प्रदेश सरकार से जमीन सहित अन्य औपचारिकताएं पूरी होते ही पेट्रोलियम मंत्रालय की ओर से कार्य शुरू कर दिया जाएगा। प्रधानमंत्री की चाह थी कि बनारस में नावें डीजल की जगह सीएनजी से चलें। इससे नाविकों की बचत होगी। यह सच हो रहा है। नावें सीएनजी से चलने लगी हैं।
उन्होंने कहा कि डीजल की तुलना में सीएनजी 18 फीसदी ज्यादा माइलेज देती है। नाविक समुदाय ने इसका उपयोग कर अधिक रुपये की बचत की है। हाल के वर्षों में वाराणसी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण के तहत अपने स्वर्ण युग का पुनरुत्थान देखा है। काशी विश्वनाथ मंदिर कॉरिडोर और वाराणसी के विश्व प्रसिद्ध एतिहासिक घाटों के जीर्णोद्धार और विकास जैसे अभूतपूर्व प्रयासों ने हमारी विरासत, संस्कृति, सम्मान के साथ आधुनिक जीवन और पर्यटन के विकास को जोड़ा है।
क्रूज पर सवार केंद्रीय मंत्री समेत अन्य अधिकारी
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भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में विश्व गुरु बनने की दहलीज पर खड़ा है। प्रधानमंत्री के आत्मनिर्भर भारत विजन की बदौलत आजादी के 100वें वर्ष में इसके 26 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने की संभावना है। भारत ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता के लिए और 2070 तक शुद्ध कार्बन शून्य प्राप्त करने के लिए चार-आयामी रणनीति के माध्यम से कार्य कर रहा है। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि आठ वर्ष पहले पीएनजी (घरेलू) कनेक्शन 22.28 लाख थे, जो अब एक करोड़ से अधिक हो गए हैं।
सीजीडी कवर जिलों की संख्या पहले 66 थी। यह अब 630 तक पहुंच गई। भारत में सीएनजी स्टेशनों की संख्या 783 थी, जो अब 4900 हो गई है। इसी तरह देश के अंदर 2014 में 14 हजार किमी पाइपलाइन का विस्तार था। अभी 23 हजार किमी तक पाइपलाइन का विस्तार हो गया है। आने वाले समय इसे 34 हजार किमी तक ले जाने की योजना है।