सीएम योगी ने कहा कि पीएम मोदी के प्रयासों से काशी की पहचान अब उसके स्वच्छ और सुंदर घाटों, विश्वनाथ धाम, चौड़ी फोर लेन और सिक्स लेन सड़कों, उत्कृष्ट ट्रेन कनेक्टिविटी और अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे जैसी तमाम परियोजनाओं से होती है। उन्होंने नमो घाट को लेकर कहा कि यह केवल एक घाट नहीं है बल्कि एक अद्वितीय स्थल है। पहले यह क्षेत्र गंदगी और अंधेरे में डूबा रहता था, जहां लोग आने से डरते थे, लेकिन अब यह सबसे सुंदर और लंबा घाट बन चुका है। यहां जी 20 शिखर सम्मेलन और काशी तमिल संगमम जैसे भव्य कार्यक्रम भी आयोजित हुए।
पहले 50 श्रद्धालु भी नहीं पहुंचते थे विश्वनाथ धाम
सीएम ने बताया कि पांच साल पहले काशी विश्वनाथ धाम में मात्र 50 श्रद्धालु मुश्किल से दर्शन कर पाते थे, जबकि आज 50 हजार से अधिक श्रद्धालु दर्शन कर सकते हैं। विशेष अवसरों पर यह संख्या लाखों में पहुंच जाती है। काशी के विकास और विरासत को विश्व स्तर पर एक नई पहचान मिली है।
मुख्यमंत्री ने पिछले 10 वर्षों में काशी के बदलते स्वरूप की चर्चा करते हुए कहा कि काशीवासियों ने नये भारत के साथ काशी के नये कलेवर का अनुभव किया है। उन्होंने कहा कि काशी को विकास और विरासत के संगम के रूप में एक नई वैश्विक पहचान मिली है, जिसका काशीवासियों ने अपनी आंखों से साक्षात्कार किया है। यहां के इन्फ्रास्ट्रक्चर को नई गति मिली है और अनेक कार्य संपन्न हुए हैं। उन्होंने कहा कि देश का पहला वाटर वे जो हल्दिया तक जाता है, यहीं से शुरू होता है। सीएम योगी ने बताया कि काशी में 700 से अधिक नावें सीएनजी इंधन से संचालित होती हैं, जिससे प्रदूषण कम हुआ है।
नमो घाट से बढ़ गई देव दीपावली की खुशियां
उन्होंने कहा कि नमो घाट के उद्घाटन ने देव दीपावली के आनंद को कई गुना बढ़ा दिया है। देव दीपावली को देवताओं की दीपावली बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से यह पर्व अब वैश्विक मंच पर विशेष पहचान बना चुका है। उन्होंने बाबा विश्वनाथ से कामना की कि देव दीपावली का पर्व सभी के जीवन में उल्लास और आनंद लाए।