इसके पूर्व मुख्यमंत्री ने वाराणसी और चंदौली जिले की सीमा पर अघोरेश्वर भगवान राम आश्रम पड़ाव में अघोरेश्वर भगवान राम योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा अनुसंधान केंद्र का उद्घाटन किया। यहां से मुख्यमंत्री नाव से अस्सी पहुंचे। खोजवां में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेने के बाद मुख्यमंत्री श्री काशी विश्वनाथ धाम पहुंचे। जहां गंगा पर आधारित भ्रमणशील प्रदर्शनी अर्थ गंगा का उद्घाटन किया। शुक्रवार को मुख्यमंत्री पीएम मोदी के वर्चुअल कार्यक्रम में भाग लेंगे। पीएम मोदी गंगा विलास क्रूज को रवाना करेंगे। इसके बाद टेंट सिटी का लोकार्पण करेंगे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जगतगुरू रामानंदाचार्य ने 'जाति-पाति पूछे नहीं कोई, हरि को भजे सो हरि का होई' का संदेश दिया था। जगतगुरू ने जो कुछ भी किया लोक कल्याण के लिए किया। उस काल खंड में जब बर्बर हमले हो रहे थे। धर्म असुरक्षित था और समाज में वैमनस्यता के बीज बोए जा रहे थे। तब उन्होंने समाज के अलग-अलग समूहों को जोड़कर अद्भुत कार्य किया था।
भक्ति की सभी परंपराओं को जोड़कर अलग-अलग जगह अपने विशिष्ट और उत्कृष्ट शिष्यों को भेजकर समाज को एक सूत्र में पिरोने का कार्य किया। उस विलक्षण विरासत के प्रति कृतज्ञता ज्ञापित करने का ये एक महान अवसर है। हमारा देश आजादी के 75वें साल पर अमृत महोत्सव मना रहा है।
इसी के तहत भक्तमाल कथा का आयोजन किया जा रहा है। इस अवसर पर डॉ रामकमल दास वेदांती, महामंडलेश्वर स्वामी संतोष दास, स्वामी सर्वेश्वरशरण, काशी वैष्णव संत समाज के पदाधिकारीगण, कैबिनेट मंत्री अनिल राजभर, राज्यमंत्री रविंद्र जायसवाल, राज्यमंत्री दयाशंकर मिश्र दयालू, विधायक डॉ नीलकंठ तिवारी और विधायक सौरभ श्रीवास्तव मौजूद रहे।