मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शहर की यातायात व्यवस्था पर एक बार फिर नाराजगी जताई है। उन्होंने साफ कहा कि जाम की समस्या को खत्म किया जाए। रविवार को सर्किट हाउस में विकास कार्यों और कानून व्यवस्था की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा निर्धारित समय सीमा में काम नहीं होने पर जवाबदेही तय कर अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई होगी।
इसके साथ ही उन्होंने कहा कि शहर में शांति व सुरक्षा का अच्छा वातावरण बने और स्थानीय लोगों सहित यहां आने वाले श्रद्धालु व पर्यटक अच्छा महसूस करें। कमिश्नर एवं डीएम विकास कार्यों का, एडीजी, आईजी एवं एसएसपी सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था का सतत और सघन पर्यवेक्षण करें। अच्छे कार्य करने वालों की प्रशंसा व खराब कार्य करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई हर हालत में सुनिश्चित किया जाए।
मुख्यमंत्री ने मोती झील को काशी की पहचान बताते हुए कहा कि वहां अवैध कब्जा और प्लाटिंग नहीं होने पाए। उसे और सुंदर बनाएं। बैठक में राष्ट्रीय राजमार्गों के निर्माण, रिंग रोड, मल्टीमॉडल टर्मिनल, अस्पताल भवनों के निर्माण, विद्युतीकरण, हृदय योजना, अमृत योजना, स्मार्ट सिटी, सीवरेज परियोजनाएं, पेयजल योजनाएं, सेंट्रल कमांड कंट्रोल, लाइट एंड साउंड सिस्टम, कान्हा उपवन, वरुणा चैनेलाइजेशन, आश्रम पद्धति विद्यालय सहित विभिन्न विकास कार्यों की समीक्षा की।
अधिकारियों को मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि छात्रों के नाम पर गुंडागर्दी करने वालों पर कड़ी कार्रवाई करें। अनैतिक वसूली कतई नहीं हो। मात्र इक्का-दुक्का लोग होते हैं जो माहौल खराब करते हैं। बीएचयू का देश-विदेश में ऊंचा नाम है। इसे बदनाम नहीं होने दिया जाएगा। पुलिस प्रो-एक्टिव होकर कार्य करे। पुलिस लाइन में पुरुष व महिला कर्मचारियों के लिए अलग-अलग बैरक बनवाई जा रही है। पुलिस लाइन साफ. सुथरी, आवास व बैरक अच्छे हालात में रखे जाएं।