वाराणसी। प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र को साफ-सुथरा बानने वाले देशों की सूची में अब नार्वे भी शामिल हो गया है। नगर निगम में शनिवार को आयोजित एक समारोह में नार्वे की कंपनी टेलीनार ने नगर निगम के साथ कचरा प्रबंधन के मुद्दे पर द्विपक्षीय समझौता किया।
इस मौके पर भारत और भूटान में नार्वे के राजदूत एइविंड एस होम ने कहा कि वह खुले मन से इस प्राचीन शहर को समझने आए हैं और स्वच्छता के मामले में जहां जरूरत होगी सहयोग करेंगे। उन्होंने गंगा के निर्मलीकरण में भी रुचि दिखाई।
उन्होंने बीएचयू की भी जमकर प्रशंसा की। कहा कि काशी जीवंत शहर है। यहां व्यापारिक और सामाजिक संबंध बनाने की अपार संभावनाएं हैं। उनकी सरकार विकास के मामलांे में सहयोग करेगी और आवश्यकता पड़ने पर पार्टनरशिप के जरिए भी काम किया जाएगा।
इस मौके पर महापौर रामगोपाल मोहले और टेलीनार समूह के चीफ रिप्रेजेंटेटिव ऑफिसर राजीव बावा ने कचरा प्रबंधन में सहयोग संबंधी समझौते पर हस्ताक्षर किए। महापौर ने कहा कि यहां के महत्व आैर संस्कृति को नार्वे में सशक्त पहचान दिलाने का भी काम राजदूत एइविंड एस होम करेंगे। इस मौके पर नगर आयुक्त उमाकांत त्रिपाठी भी मौजूद थे।
टेलीनॉर ग्रुप के चीफ रिप्रेजेंटेटिव ऑफिसर राजीव बावा ने बताया कि उनकी कंपनी नगर निगम को फिलहाल 500 कूड़ादान देगी, जिसकी पहली किस्त के रूप में 100 डस्टबिन दे भी दिए गए हैं। कंपनी स्वच्छता के लिए अभियान भी चलाएगी। स्वच्छता से जुड़ी म्यूजिक टोंस कुछ समय के लिए मुफ्त दी जाएंगी।
एसएमएस के माध्यम से भी लोगों को समय-समय पर जागरूक किया जाएगा। पर्चे भी बांटे जाएंगे। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में यूनिनॉर गंगा घाट भी गोद लेगा। घाट की सफाई व चेंजिंग रूम भी बनवाने की योजना है। इस दौरान उत्तर प्रदेश के सर्किल बिजनेस प्रमुख जिनेश हेगड़े भी मौजूद रहे।