यातायात माह के पहले ही दिन शहर की यातायात व्यवस्था चरमराई नजर आई। बुधवार को शहर में जगह-जगह भीषण जाम लगा। और तो और, जिलाधिकारी योगेश्वर राम मिश्रा को भी जाम का सामना करना पड़ा।
उनकी कार लहरतारा स्थित कैंसर अस्पताल से कैंट रेलवे स्टेशन के बीच लगे जाम में देर तक फंसी रही। यातायात पुलिस के यातायात जागरूकता रथ को भी जगह-जगह जाम का सामना करना पड़ा।
लहुराबीर, नई सड़क, गोदौलिया सहित शहर के अन्य इलाकों में यातायात जागरूकता रथ घंटों ठिठका रहा। इससे पहले आईजी रेंज दीपक रतन ने यातायात पुलिस लाइन में यातायात माह का शुभारंभ किया।
आईजी रेंज ने कहा कि यातायात नियमों का पालन आम जनता के साथ पुलिस भी करे। एसएसपी राम कृष्ण भारद्वाज ने कहा कि यातायात नियमों का पालन न करने के कारण सड़क दुर्घटनाओं में बढ़ोतरी हुई है।
एसपी ट्रैफिक सुरेश चंद्र रावत ने कहा कि पूरे नवंबर महीने अभियान चलाकर यातायात नियमों के बारे में आमजन को जागरूक किया जाएगा। यातायात नियमों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
कार्यक्रम के बाद सलारपुर स्थित राज इंग्लिश स्कूल और सारनाथ के हिमालया पब्लिक स्कूल के ढाई सौ छात्र-छात्राओं ने यातायात नियमों के प्रति जागरूकता के लिए यातायात पुलिस लाइन से कचहरी स्थित अंबेडकर चौराहा तक रैली निकाली।
इस दौरान यातायात नियमों के संबंध में यातायात पुलिस लाइन में प्रदर्शनी भी लगाई गई थी। एसपी ट्रैफिक ने 80 ऑटो चालकों का नि:शुल्क नेत्र परीक्षण कराया और आठ चालकों को ग्रीन कार्ड देकर ग्रीन कार्ड शिविर का शुभारंभ किया। इस दौरान एसपी सिटी दिनेश कुमार सिंह, एसपी क्राइम ज्ञानेंद्र नाथ प्रसाद, महानगर उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष प्रेम मिश्रा सहित कई लोग मौजूद रहे।