प्राथमिक विद्यालय में दुर्दशा का दंश झेल रहे बच्चे।
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बच्चे कर रहे ड्रेस के लिए सहायता राशि का इंतजार
वाराणसी। परिषदीय स्कूलों के 6000 बच्चों को ड्रेस के लिए मिलने वाली सहायता राशि का इंतजार है। हर साल अभिभावकों के खाते में 1200 रुपये भेजे जाते हैं। बच्चों का आधार कार्ड और खाते की केवाईसी न होने के कारण उन्हें इस साल राशि नहीं मिल पाई है। शिक्षकों ने बनवाने का प्रयास किया तो उनका जन्म प्रमाणपत्र नहीं था। 1143 परिषदीय विद्यालयों में 1.99 लाख छात्र-छात्राएं पढ़ रहे हैं।
केस 1 - भगवानपुर के गाड़ीवानपुर में प्राथमिक विद्यालय में जमीन पर बैठकर बच्चे पढ़ाई करते हैं। एक तरफ तो बच्चे स्वेटर पहनकर नहीं आ रहे है, वहीं दूसरी तरफ जमीन पर बैठने को मजबूर हैं। शिक्षकों से पूछताछ करने पर वह बिना कुछ चले गए।
केस 2 - प्रथामिक विद्यालय माधोपुर कोट(प्रथम) में भी बच्चों को जमीन पर बैठकर पढ़ाया जा रहा है। इस वजह से बच्चे स्कूल ही नहीं आना चाहते हैं। बच्चों ने बताया कि यहां रोजाना ऐसे ही पढ़ाई होती है। इसी कारण हम लोग जल्दी स्कूल नहीं आते है।
बोले अधिकारी
कई प्राथमिक स्कूलों में बेंच नहीं है। उनका सर्वे करवा कर रिपोर्ट भेज दी गई है। जल्द ही सभी स्कूलों में बेंच उपलब्ध कराई जाएंगी। - डॉ. अरविंद पाठक, बेसिक शिक्षा अधिकारी, वाराणसी।