हर मतदान केंद्र पर तैनात रहेंगे पुलिसकर्मी
मतदान के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रत्येक केंद्र पर एक उपनिरीक्षक, चार मुख्य आरक्षी या आरक्षी, चार महिला आरक्षी और पीएसी का एक सेक्शन तैनात रहेगा। जोनल और सेक्टर पुलिस अधिकारी भी लगातार भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी करेंगे।
मतदान केंद्र परिसर और उसके 100 मीटर के दायरे में चुनाव प्रचार, अनधिकृत वाहनों के प्रवेश और भीड़ जुटाने पर रोक रहेगी। सुरक्षा जांच के दौरान स्याही, फाउंटेन पेन, पानी की बोतल और अन्य तरल पदार्थ ले जाने पर भी प्रतिबंध रहेगा। प्रशासन ने अधिकारियों और पुलिसकर्मियों को आदर्श आचार संहिता का कड़ाई से पालन कराने के निर्देश दिए हैं।
मतपत्रों और मतपेटियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ ही किसी भी तरह के प्रलोभन या संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिलने पर तत्काल कार्रवाई करने को कहा गया है।
22 अक्तूबर को रवाना होंगी मतदान पार्टियां
मतदान कराने के लिए पोलिंग पार्टियां 22 अक्तूबर को कलेक्ट्रेट परिसर से अपने-अपने मतदान केंद्रों के लिए रवाना होंगी। मतदान समाप्त होने के बाद सभी मतपेटियों को कलेक्ट्रेट स्थित स्ट्रॉन्ग रूम में सुरक्षित रखा जाएगा। इसके बाद उन्हें वाराणसी के पहड़िया स्थित मंडी समिति भेजा जाएगा।
जिला प्रशासन ने निर्वाचन प्रक्रिया को व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी संबंधित अधिकारियों को समय से तैयारियां पूरी करने और पूरी सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं।
मतदान कक्ष में मोबाइल और कैमरा प्रतिबंधित
जिलाधिकारी एवं वाराणसी खंड स्नातक-शिक्षक निर्वाचन के सहायक रिटर्निंग ऑफिसर चंद्र मोहन गर्ग ने बताया कि 23 अक्तूबर को मतदान के दिन मतदान कक्ष में मोबाइल फोन और किसी भी प्रकार का कैमरा ले जाना प्रतिबंधित रहेगा।
मतदाताओं को मतदान प्रकोष्ठ में पीठासीन अधिकारी की ओर से उपलब्ध कराया जाने वाला बैंगनी रंग का स्केच पेन ही इस्तेमाल करना होगा। मतदाताओं को निर्देशों का पालन करते हुए निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार मतदान करना होगा।