अघोर परंपरा को जन-जन से जोड़ने वाले अघोरेश्वर महाप्रभु अवधूत भगवान राम का महानिर्वाण दिवस शनिवार को मनाया गया। रविंद्रपुरी स्थित अघोर के विश्वविख्यात केंद्र बाबा कीनाराम स्थल, क्रीं-कुंड पर अघोरेश्वर महाप्रभु का 33वां महानिर्वाण दिवस श्रद्धा-भक्ति और विश्वास के साथ मनाया गया।
शनिवार को क्रीं-कुंड में सुबह सफाई और दैनिक आरती के बाद परिसर स्थित अघोरेश्वर महाप्रभु के समाधि स्थल पर भक्तों ने महाप्रभु की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। पूजन के साथ उनकी आरती की। सफल योनि का पाठ किया गया और भक्तों ने अघोरेश्वर महाप्रभु द्वारा बताए गए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। श्रद्धालुओं ले अघोरान्नाम परो मंत्रः नास्ति तत्वं गुरोः परम... और सर्वेश्वरी त्वं पाहिमाम शरणागतम... के मंत्रों का जाप किया। कार्यक्रम के अंत में भंडारे के तहत भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया। क्रीं-कुंड के अलावा अन्य अघोर आश्रमों में भी महानिर्वाण दिवस पर अपार श्रद्धा के साथ लोगों ने अपने आराध्य को पुष्पांजलि अर्पित किया। धार्मिक औपचारिकताओं के साथ-साथ कई आश्रमों में सामाजिक-सरोकार से भी जुड़े अनेकों कार्यक्रम हुए।