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आजमगढ़ के तीनों सांसदों ने गोद नहीं लिए गांव, प्रशासन ने अखिलेश यादव समेत सभी को भेजा पत्र

Sat, 07 Sep 2019 07:45 PM IST
गीतार्जुन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आजमगढ़
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सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव (फाइल फोटो) - फोटो : amar ujala
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से सांसदों को एक-एक गांव को गोद लेकर इनका विकास करना है। लेकिन आजमगढ़ जिले की दोनों लोकसभा सीटों पर चुने गए सांसदों अखिलेश यादव, संगीता आजाद और राज्यसभा सांसद राजाराम ने अभी तक एक भी गांव गोद नहीं लिया है। इसके लिए जिला प्रशासन की ओर से तीनों को पत्र जारी कर गांव का चयन कर सूचित करने की अपील की गई है।
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जनता के द्वारा चुने गए सांसदों को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हर साल एक-एक गांव को गोद लेकर उसके विकास का निर्देश दिया था। इसके पीछे प्रधानमंत्री का उद्देश्य था कि उस गांव का समग्र विकास किया जाए। सरकार द्वारा संचालित सभी योजनाओं का लाभ इन गांवों में पहुंचाकर उनका विकास किया जाए।

इसके तहत पूर्व भाजपा सांसद नीलम सोनकर ने अतरौलिया विकास खंड के लोहरा और मार्टीनगंज विकास खंड के सुरहन गांव को गोद लिया था। वहीं सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव ने तमौली गांव को गोद लिया। वर्तमान में जनपद की आजमगढ़ सीट से सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव सांसद हैं और लालगंज सीट से बसपा की संगीता आजाद सांसद हैं।
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बसपा के राज्यसभा सांसद राजाराम हैं। तीनों के द्वारा अभी तक किसी गांव को गोद नहीं लिया गया है। गोद लेना तो दूर अभी तक इन्होंने यह भी नहीं तय किया है कि वह किस गांव को गोद लेंगे। इसके लिए जिला प्रशासन की ओर से तीनों सांसदों को पत्र भेजा गया है। जिसमें उनसे कहा गया है कि वह गांव का चयन कर सूचित करने करें ताकि गांव में विकास के कार्य कराए जा सकें।

सांसद आदर्श गांव के लिए अलग से नहीं मिलता धन :
प्रधानमंत्री ने सांसदों को गांव गोद लेकर उनका विकास करने का निर्देश जारी कर दिया लेकिन इसके लिए अलग से फंड की कोई व्यवस्था नहीं की गई। इसलिए जब भी किसी गांव को सांसद द्वारा गोद लिया जाता है तो विभिन्न विभागों में संचालित योजनाओं को उस गांव में पहुंचाया जाता है। इन गांवों को गोद लेने वाले सांसद भी अपनी निधि से विकास के कार्य संपादित करा सकते हैं।
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सीडीओ आनंद कुमार शुक्ला ने बताया कि जनपद के तीनों सांसदों में से अभी तक किसी ने गांव को गोद नहीं लिया है। इसके लिए जिलाधिकारी के माध्यम से उन्हें पत्र भेजा गया है कि वह गांव का चयन कर हमें सूचित करें ताकि उस गांव में विकास के कार्य संपादित किए जा सकें।
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