ऑपरेशन हेड अनिकेत पुलावत ने बताया कि एप की खासियत है कि अगर 102 एंबुलेंस सेवा व्यस्त है तो ऐसी स्थिति में चालक अपने अंगूठे के इशारे से दूसरे नजदीकी 108 एंबुलेस चालक को संदेश भेजा देगा। इसमें बायोमेट्रिक डिवाइस भी लगी है, जिससे चालकों की उपस्थिति दर्ज होगी।
ये भी पढ़ें : बर्थडे पार्टी के दौरान दो पक्षों में जमकर हुई मारपीट, दो की चाकू मारकर हत्या, छह आरोपी गिरफ्तार
जीपीएस के माध्यम से एप से एंबुलेंस जुड़ा है। इस दौरान प्रोग्राम मैनेजर दीपक श्रीवास्तव ने बताया कि 102 एंबुलेंस 38 और 108 एंबुलेंस 28 और 2 एडवांस लाइफ सपोर्ट को इस नए एप से जोड़ा गया है। अप्रैल माह से अब तक 108 एंबुलेंस सेवा से 10,496 और 102 एंबुलेंस सेवा से 35,874 लाभार्थियों को लाभ दिया जा चुका है। कार्यशाला में रिजनल मैनेजर अभिनव, जिला समन्वयक विजय चौहान, अवनीश त्रिपाठी, प्रशांत मिश्रा आदि मौजूद रहे।