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Varanasi News: वाराणसी में एक्सिस बैंक के तीन अधिकारियों पर केस, विदेशी मुद्रा सौदे से जुड़ा है मामला

Tue, 28 Oct 2025 01:30 PM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

पीड़ित का अरोप है कि इस मामले में शुरुआत में बैंक ने कुछ छोटे लाभ दिखाकर भरोसे में लिया और बाद में कंपनी के लेटरहेड पर फर्जी दस्तावेज तैयार कर फर्जी निर्यात इनवॉइस के माध्यम से इन कॉन्ट्रैक्ट्स को वैध दिखाने का प्रयास किया।
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भेलूपुर थाने में दर्ज हुआ मामला। - फोटो : istock
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विस्तार
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Varanasi Crime News: प्लास्टिक का कच्चा माल आयात करने वाली इनुवियम एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के साथ विदेशी मुद्रा सौदे में भारी धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। कंपनी को करीब ढाई करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। कंपनी ने इस संबंध में एक्सिस बैंक के दो अधिकारियों यानी असिस्टेंट वाइस प्रेसीडेंट एवं सेंटर हेड (कमर्शियल बैंकिंग ग्रुप) सुनील दुबे तथा रिलेशनशिप मैनेजर ग्रेसी सिंह पर आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया है।

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जानकारी के अनुसार, तुलसीपुर निवासी गंगासागर प्रसाद गुप्ता, जो कंपनी के निदेशक हैं, ने भेलूपुर थाने में तहरीर दी है। आरोप है कि वर्ष 2023 में एक्सिस बैंक के दोनों अफसरों ने उनके घर आकर 'जोखिम-मुक्त निवेश योजना' बताई और 25 लाख रुपये के फिक्स डिपॉजिट पर विदेशी मुद्रा दरों के अंतर से अतिरिक्त लाभ का प्रलोभन दिया। बाद में पता चला कि यह योजना फेमा और आरबीआई नियमों के तहत पूरी तरह प्रतिबंधित विदेशी मुद्रा सट्टा लेनदेन थी।

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पुलिस को दी थी तहरीर

गंगासागर गुप्ता ने बताया कि बैंक अधिकारियों ने 2023-24 के दौरान कंपनी के नाम पर 13 फॉरेक्स फॉरवर्ड कॉन्ट्रैक्ट बुक किए, जबकि यह सुविधा केवल उन निर्यातकों या आयातकों के लिए वैध है जिनके पास वास्तविक विदेशी मुद्रा में भुगतान या प्राप्ति का जोखिम होता है।

23 अक्टूबर 2023 को एक फर्जी इनवॉइस कंपनी के ईमेल पर आने से संदेह गहराया कि बैंक अधिकारी स्वयं फर्जी कागजात तैयार कर रहे हैं। आरोप है कि 10 जुलाई, 2024 को स्विट्जरलैंड की करेंसी में बुक किया गया पांच लाख फ्रैंक का कॉन्ट्रैक्ट, आठ जुलाई को मेच्योर हुआ। उस समय बाजार दर 107.70 रुपये थी, जबकि कॉन्ट्रैक्ट 97.25 रुपये पर बुक था। इससे बैंक को भारी नुकसान हुआ और बिना अनुमति कंपनी के खाते से 52 लाख 25 हजार रुपये डेबिट कर लिए गए।

कंपनी की जांच में यह भी सामने आया कि तीन अन्य कॉन्ट्रैक्ट्स में भी लगभग दो करोड़ रुपये का घाटा चल रहा था। गंगासागर गुप्ता ने कहा कि बैंक के जिम्मेदार अधिकारियों के इस व्यवहार से अब हमारा बैंकिंग प्रणाली से भरोसा उठ गया है। हमने आरबीआई और प्रवर्तन निदेशालय को भी शिकायत भेजी है ताकि इस पूरे प्रकरण की उच्चस्तरीय जांच कराई जा सके। भेलूपुर पुलिस ने एक अज्ञात व्यक्ति समेत तीन बैंक अधिकारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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